LATEST NEWS

  • Patna Pataliputra Police Recover Pistol and Revolver
  • पटना में हथियार के साथ चार अपराधी गिरफ्तार, पिस्टल और सिक्सर समेत जिंदा कारतूस बरामद

  • Nawada
  • दिवाली से पहले उत्पाद विभाग की बड़ी कार्रवाई, बिहार-झारखंड सीमा पर पानी के बीच लाई जा रही

  •  Nishant
  • निशांत का MLC चुनाव में 3 सीटों पर जदयू की हार के बाद बड़ा ऐलान, यूपी विधानसभा

  • AAP Candidates for Punjab Assembly Elections
  • पंजाब चुनाव के लिए AAP के 40 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी, भगवंत मान धुरी से लड़ेंगे

  • Neeraj Kumar
  • 'ललन सिंह के मामले को देख रहा जदयू शीर्ष नेतृत्व', नीरज कुमार का ऐलान- 5 नवंबर को हो

Bihar Crime: गरीबों के राशन पर डाका, 705 क्विंटल अनाज का हिसाब गायब, दो डीलरों पर FIR

Bihar Crime: गरीबों के हक के राशन में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी का मामला सामने आया है।

Motihari 705 Quintal Ration Scam
गरीबों के राशन पर डाका- फोटो : reporter

Bihar Crime:  मोतिहारी सदर अनुमंडल में गरीबों के हक के राशन में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी का मामला सामने आया है। उत्तरी ढेकहां पंचायत में ई-पॉस मशीन पर लाभुकों का अंगूठा लगवाकर खाद्यान्न नहीं देने और करीब 705.49 क्विंटल राशन के हिसाब में भारी अंतर मिलने के बाद प्रशासन ने दो पीडीएस डीलरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। सदर एसडीओ अरुण कुमार के निर्देश पर मुफस्सिल थाने में दोनों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। कार्रवाई के बाद राशन डीलरों में हड़कंप मचा हुआ है।

मामले में आपूर्ति निरीक्षक कृष्णकांत की शिकायत पर आवश्यक वस्तु अधिनियम की धारा 7 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। एफआईआर में खाद्यान्न के गबन अथवा कालाबाजारी की आशंका जताई गई है। विभागीय जांच के दौरान ई-पॉस मशीन में दर्ज वितरण और दुकानों में मौजूद वास्तविक भौतिक स्टॉक के बीच बड़ा अंतर सामने आया, जिसके बाद प्रशासन ने कार्रवाई तेज कर दी।

बताया गया कि फरवरी में शिकायत मिली थी कि दोनों दुकानदार लाभुकों से ई-पॉस मशीन पर बायोमेट्रिक सत्यापन तो करा रहे हैं, लेकिन उन्हें खाद्यान्न उपलब्ध नहीं कराया जा रहा। जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद एसडीओ के आदेश पर 16 जून को दोनों डीलरों की अनुज्ञप्ति रद्द कर दी गई। इसके बाद संबंधित दुकानों को नए विक्रेता जय प्रकाश प्रसाद से टैग कर दिया गया।

प्रभार सौंपते समय ई-पॉस मशीन, चार्जर, आइरिस स्कैनर और बैटरी तो नए विक्रेता को दे दी गई, लेकिन मशीन में दर्ज राशन के अनुरूप खाद्यान्न का वास्तविक स्टॉक उपलब्ध नहीं कराया गया। अब प्रशासन पूरे मामले में गबन और कालाबाजारी के आरोपों की जांच कर रहा है। गरीब लाभुकों के राशन में हेराफेरी करने वालों पर हुई इस कार्रवाई से पीडीएस व्यवस्था में हड़कंप मचा है।

NSIT
Nsmch

रिपोर्ट- हिमांशु कुमार