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Bihar News: शेखपुरा में इलाज का खौफ, बकाया के नाम पर मरीज को बनाया गया बंधक, आक्रोशित परिजनों को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा!

Bihar News: अस्पताल प्रबंधन ने महिला मरीज को बंधक बना लिया और उसके परिजनों को बेरहमी से पीटा।...

Sheikhpura horror patient
बकाया के नाम पर मरीज को बनाया गया बंधक- फोटो : reporter

Bihar News: शेखपुरा शहर के बायपास रोड स्थित तीनमुहानी मोड़ के पास संचालित सुदामा सेवा सदन नामक निजी अस्पताल में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब बकाया राशि को लेकर विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन ने महिला मरीज को बंधक बना लिया और उसके परिजनों को बेरहमी से पीटा।

मामला लखीसराय के कुरौता गांव निवासी सिंटु कुमारी से जुड़ा है, जो अपने पति धीरज कुमार, मां और भाई के साथ ऑपरेशन के बाद टांका कटाने अस्पताल पहुंची थीं। इसी दौरान अस्पताल की ओर से पुराने बकाया रुपये की मांग की गई, जिस पर कहासुनी शुरू हो गई और देखते ही देखते मामला बेकाबू हो गया।परिजनों का आरोप है कि अस्पताल संचालक डॉ. संजय यादव, कंपाउंडर सतीश कुमार और अन्य कर्मियों ने मिलकर रॉड और डंडे से हमला कर दिया। इतना ही नहीं, परिजनों को अस्पताल परिसर से लेकर सड़क तक दौड़ा-दौड़ा कर पीटा गया। इस दौरान इलाके में अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में लोग जुट गए।

बताया जाता है कि मीडिया के पहुंचने के बाद मामला शांत हुआ, तब जाकर महिला मरीज का टांका काटकर उसे छोड़ा गया। पीड़ित पक्ष का कहना है कि ऑपरेशन के लिए पहले ही 17 हजार रुपये दिए जा चुके थे और कोई बकाया नहीं था। वहीं अस्पताल पुराने एक विवादित इलाज के नाम पर 6 हजार रुपये मांग रहा था।दूसरी ओर, अस्पताल संचालक डॉ. संजय यादव ने मारपीट के आरोपों से इनकार करते हुए कहा कि सिर्फ हल्की कहासुनी और हाथापाई हुई, दौड़ाकर पीटने जैसी कोई घटना नहीं हुई।

मामले की गंभीरता को देखते हुए थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार ने कहा कि मरीज को बंधक बनाना और मारपीट करना गंभीर अपराध है। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।वहीं सिविल सर्जन डॉ. संजय कुमार ने भी मामले को गंभीर बताते हुए एसीएमओ के नेतृत्व में जांच टीम गठित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने साफ कहा कि आरोप सही पाए जाने पर संबंधित अस्पताल को सील कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।इस घटना ने एक बार फिर निजी अस्पतालों की कार्यप्रणाली और मरीजों की सुरक्षा पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

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रिपोर्ट- उमेश कुमार