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न्यायाधीश यशवंत वर्मा ने दिया इस्तीफा, जले हुए नोटों की गड्डियां मिलने के विवाद के बाद छोड़ा पद

Justice Yashwant Verma resigns
Justice Yashwant Verma resigns - फोटो : news4nation

Justice Yashwant Verma : इलाहाबाद हाई कोर्ट के जज यशवंत वर्मा ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने 9 अप्रैल को द्रौपदी मुर्मू को अपना त्यागपत्र सौंपा। जस्टिस वर्मा के खिलाफ पहले से ही महाभियोग (इम्पीचमेंट) की प्रक्रिया चल रही थी, ऐसे में उनका यह कदम बेहद अहम माना जा रहा है।


अपने इस्तीफे में जस्टिस वर्मा ने लिखा कि वे राष्ट्रपति के कार्यालय पर उन कारणों का बोझ नहीं डालना चाहते, जिनकी वजह से उन्हें यह निर्णय लेना पड़ा। उन्होंने पत्र में कहा, “बहुत दुख के साथ मैं इलाहाबाद हाई कोर्ट के न्यायाधीश पद से तत्काल प्रभाव से इस्तीफा दे रहा हूं। इस पद पर काम करना मेरे लिए सम्मान की बात रही है।”

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दरअसल, यह पूरा मामला उस समय सामने आया था जब पिछले साल 14 मार्च को नई दिल्ली स्थित उनके आधिकारिक आवास पर जले हुए नोटों की गड्डियां मिलने की खबर सामने आई थी। इस घटना ने न्यायिक हलकों में हलचल मचा दी थी और इसके बाद उनके खिलाफ कार्रवाई शुरू हुई।


विवाद के बाद जस्टिस वर्मा को दिल्ली हाई कोर्ट से वापस इलाहाबाद हाई कोर्ट भेज दिया गया था। इस पूरे घटनाक्रम के बीच उनके खिलाफ महाभियोग की प्रक्रिया भी आगे बढ़ रही थी। कानूनी जानकारों का मानना है कि इस्तीफा देने के बाद महाभियोग की प्रक्रिया पर असर पड़ सकता है, हालांकि इस पर अंतिम निर्णय संवैधानिक प्रावधानों के तहत लिया जाएगा।

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जस्टिस वर्मा का यह इस्तीफा ऐसे समय में आया है जब न्यायपालिका की पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर बहस तेज है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि आगे इस मामले में क्या संवैधानिक और कानूनी कदम उठाए जाते हैं।