LATEST NEWS

  • पटना के जमाल रोड स्थित प्लास्टिक फूल के गोदाम में लगी भीषण आग, फायर ब्रिगेड की 5 गाड़ियों ने 20 मिनट में पाया काबू
  • पटना के जमाल रोड स्थित प्लास्टिक फूल के गोदाम में लगी भीषण आग, फायर ब्रिगेड की 5 गाड़ियों

  • Bihar News : गया पुलिस ने 9 शराब कारोबारियों को किया गिरफ्तार, भारी मात्रा में देसी-विदेशी शराब और 4 बाइक किया जब्त
  • Bihar News : गया पुलिस ने 9 शराब कारोबारियों को किया गिरफ्तार, भारी मात्रा में देसी-विदेशी शराब और

  • Bihar News : कटिहार में मरीजों की जगह एंबुलेंस में ढोई जा रही थी शराब, कटिहार पुलिस ने शराब की बड़ी खेप के साथ चालक को किया गिरफ्तार
  • Bihar News : कटिहार में मरीजों की जगह एंबुलेंस में ढोई जा रही थी शराब, कटिहार पुलिस ने

  • बगहा के दोन में SSB का मानवीय चेहरा: गंभीर रुप से बीमार महिला को 4x4 एंबुलेंस से पहुंचाया अस्पताल
  • बगहा के दोन में SSB का मानवीय चेहरा: गंभीर रुप से बीमार महिला को 4x4 एंबुलेंस से पहुंचाया

  • Kanti MLA Ajit Kumar NTPC Meeting
  • Kanti MLA Ajit Kumar NTPC Meeting: स्थानीय युवाओं को रोजगार, सफाई और CSR विकास कार्यों पर बनी सहमति

surya grahan: 21 सितंबर को होगा साल का आखिरी सूर्य ग्रहण, जानें भारत में दिखेगा या नहीं

surya grahan: साल का आखिरी सूर्य ग्रहण 21 सितंबर 2025 की रात लगेगा और 22 सितंबर की सुबह समाप्त होगा। जानें भारत में यह ग्रहण दिखाई देगा या नहीं और क्या सूतक काल मान्य होगा।

surya grahan
साल का आखिरी सूर्य ग्रहण!- फोटो : social media

surya grahan: साल 2025 का अंतिम सूर्य ग्रहण 21 सितंबर की रात 10:59 बजे शुरू होगा और 22 सितंबर की सुबह 3:23 बजे समाप्त होगा। यह ग्रहण आश्विन कृष्ण पक्ष की अमावस्या को कन्या राशि और उत्तराफाल्गुनी नक्षत्र में लगेगा। ग्रहण का पूरा समय रात में होगा।

सूर्य ग्रहण कहां दिखाई देगा?

यह ग्रहण मुख्य रूप से दक्षिणी गोलार्ध में दिखाई देगा। जिन देशों में इसे देखा जा सकेगा, वे हैं:

न्यूजीलैंड

फिजी

अंटार्कटिका

ऑस्ट्रेलिया का दक्षिणी भाग

इन देशों में ग्रहण खगोलीय और धार्मिक दोनों दृष्टियों से मान्य होगा।

भारत में सूर्य ग्रहण 2025 दिखाई देगा या नहीं?

21 सितंबर 2025 का सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा। इसी कारण यहां सूतक काल मान्य नहीं होगा। भारत में इस ग्रहण का कोई प्रत्यक्ष प्रभाव नहीं पड़ेगा और धार्मिक विधियों पर भी इसका असर नहीं होगा।

Diarch GO

सूर्य ग्रहण का सूतक काल

सामान्य नियम के अनुसार सूर्य ग्रहण का सूतक काल 12 घंटे पहले से लागू होता है। लेकिन यह नियम केवल उन स्थानों पर मान्य होता है, जहां ग्रहण प्रत्यक्ष रूप से देखा जा सकता है।भारत में यह ग्रहण दिखाई नहीं देगा, इसलिए यहां सूतक मान्य नहीं होगा। वहीं न्यूजीलैंड, फिजी, अंटार्कटिका और ऑस्ट्रेलिया के दक्षिणी हिस्सों में सूतक काल लागू रहेगा।

धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व

यह सूर्य ग्रहण विशेष है क्योंकि यह पितृ पक्ष के समापन और नवरात्रि की शुरुआत के बीच पड़ रहा है। हालांकि भारत में ग्रहण दिखाई न देने के कारण धार्मिक गतिविधियां प्रभावित नहीं होंगी। भक्तजन नवरात्रि की शुरुआत सामान्य रूप से कर सकेंगे।

NSIT
Nsmch