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झारखंड में प्राइवेट यूनिवर्सिटी विधेयक-2024 पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 16 यूनिवर्सिटीज को राहत

झारखंड में प्राइवेट यूनिवर्सिटी से जुड़े छात्रों और संस्थानों के लिए राहत की खबर आई है। झारखंड हाईकोर्ट ने झारखंड निजी विश्वविद्यालय विधेयक-2024 पर स्टे लगा दिया है, जिससे राज्य में 16 प्राइवेट यूनिवर्सिटी को राहत मिली है। यह विधेयक कई नए और विवादित

झारखंड में प्राइवेट यूनिवर्सिटी विधेयक-2024 पर हाईकोर्ट का ब

झारखंड की 16 प्राइवेट यूनिवर्सिटीज के लिए राहत की खबर आई है। झारखंड हाईकोर्ट ने शुक्रवार को एक अहम फैसले में राज्य सरकार के द्वारा पारित झारखंड प्राइवेट यूनिवर्सिटी विधेयक-2024 पर स्टे लगा दिया है। यह फैसला सोनादेवी यूनिवर्सिटी द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान आया।

सोनादेवी यूनिवर्सिटी की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता इंद्रजीत सिन्हा ने अदालत में अपना पक्ष रखते हुए कहा कि राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार द्वारा विधेयक पर स्वीकृति दी जा चुकी है, और विधि विभाग ने इसे अधिनियम के रूप में अधिसूचित भी कर दिया है। लेकिन इस विधेयक के कुछ प्रावधान प्राइवेट यूनिवर्सिटीज की स्वायत्तता के खिलाफ हैं।

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इसके बाद, जस्टिस एमएस राम चंद्रराव और जस्टिस दीपक रोशन की खंडपीठ ने विधेयक-2024 पर स्टे लगा दिया। इसके साथ ही कई प्राइवेट यूनिवर्सिटीज ने इस विधेयक के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। इन याचिकाओं की सुनवाई आगे भी जारी रहेगी।

प्राइवेट यूनिवर्सिटी विधेयक-2024 में क्या हैं प्रमुख प्रावधान?

  • कुलपति की नियुक्ति में राज्यपाल की मंजूरी: अब झारखंड में संचालित सभी प्राइवेट यूनिवर्सिटीज को अपने कुलपति (VC) की नियुक्ति के लिए राज्यपाल से मंजूरी लेनी होगी।
  • स्थानीय कमेटी का गठन: यूनिवर्सिटी के संचालन के लिए एक स्थानीय कमेटी का गठन करना अनिवार्य किया गया है, जिसमें सांसद और विधायक को शामिल करना जरूरी होगा। इससे यूनिवर्सिटी की स्वायत्तता पर असर पड़ने की संभावना जताई जा रही है।
  • बैंक गारंटी: यूनिवर्सिटीज को एक करोड़ रुपये बैंक गारंटी के रूप में जमा करने का आदेश दिया गया है, जो यूनिवर्सिटी प्रबंधकों के लिए अनप्रैक्टिकल माना जा रहा है।

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झारखंड में इन 16 प्राइवेट यूनिवर्सिटीज का संचालन हो रहा है:

  1. आईसेक्ट यूनिवर्सिटी, हजारीबाग
  2. अमेटी यूनिवर्सिटी, रांची
  3. अरका जैन यूनिवर्सिटी, सरायकेला-खरसावां
  4. बाबू दिनेश सिंह यूनिवर्सिटी, गढ़वा
  5. कैपिटल यूनिवर्सिटी, कोडरमा
  6. झारखंड राय यूनिवर्सिटी, रांची
  7. नेताजी सुभाष यूनिवर्सिटी, जमशेदपुर
  8. प्रज्ञान इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी, रांची
  9. राधा गोविंद यूनिवर्सिटी, रामगढ़
  10. राम कृष्ण धर्मार्थ फाउंडेशन यूनिवर्सिटी, रांची
  11. रामचंद्र चंद्रवंशी यूनिवर्सिटी, पलामू
  12. साईं नाथ यूनिवर्सिटी, रांची
  13. सरला बिड़ला यूनिवर्सिटी, रांची
  14. सोना देवी यूनिवर्सिटी, जमशेदपुर
  15. श्रीनाथ यूनिवर्सिटी, जमशेदपुर
  16. आईसीएफएआई यूनिवर्सिटी, रांची

झारखंड निजी विश्वविद्यालय विधेयक-2024 की शर्तें:

  1. शहरों में विश्वविद्यालयों के लिए भूमि: नगर निगम क्षेत्र में विश्वविद्यालय खोलने के लिए कम से कम 5 एकड़ और नगर निगम क्षेत्र से बाहर के लिए 15 एकड़ भूमि की आवश्यकता होगी।
  2. वित्तीय शर्तें: नगर निगम क्षेत्र में विश्वविद्यालय खोलने के लिए कम से कम 10 करोड़ रुपये का फंड होना चाहिए, और अन्य क्षेत्रों के लिए 7 करोड़ रुपये का फंड जरूरी होगा।
  3. निर्माण मानक: विश्वविद्यालय में लाइब्रेरी, लेक्चर हॉल, प्रयोगशाला जैसी सुविधाओं के लिए न्यूनतम 12,000 वर्ग मीटर का निर्मित क्षेत्र होना चाहिए।

क्या कह रहे हैं यूनिवर्सिटी प्रबंधक?
प्राइवेट यूनिवर्सिटी प्रबंधकों का कहना है कि उन्होंने झारखंड में प्राइवेट यूनिवर्सिटीज की स्थापना इसलिए की थी क्योंकि पहले के नियम अनुकूल थे और निर्णय लेने की स्वतंत्रता थी। अब इस विधेयक के प्रावधानों से उनकी स्वायत्तता प्रभावित हो रही है।

अभी तक इस विधेयक के खिलाफ कई अन्य प्राइवेट यूनिवर्सिटीज ने भी हाईकोर्ट का रुख किया है, और आने वाले दिनों में इस मामले पर सुनवाई होगी।