LATEST NEWS

  • shahrukh khan mannat
  • shahrukh khan mannat: शाहरुख के मन्नत से जुड़ा अनिल कपूर ने खोला खास राज, बताया कैसे पूरा हुआ

  • Sukesh Chandrashekhar case
  • Sukesh Chandrashekhar case: सुकेश चंद्रशेखर के 200 करोड़ की ठगी मामले में नोरा फतेही को समन, 2

  • winter riding mask
  • winter riding mask: सर्दियों में बाइक चलाते समय ठंडी हवा से बचाएगा विंटर राइडिंग मास्क, जानें कीमत और

  • Munger Railway
  • Munger Railway: मुंगेर के जमालपुर IRIMEE में दो दिवसीय तकनीकी संगोष्ठी शुरू, वंदे भारत ट्रेनसेट पर होगी चर्चा

  • Bihar NCP
  • Bihar NCP: पटना में NCP शरदचंद्र पवार की सियासी बैठक, राहत कादरी ने NDA सरकार पर उठाए

Bihar News : सीएम नीतीश की तस्वीर दिखाकर तेजस्वी का बड़ा हमला, बिहार के दिखावटी विकास और डीके टैक्स पर सनसनीखेज दावा

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार 23 दिसम्बर 2024 से प्रगति यात्रा पर हैं. राज्य के विभिन्न जिलों में विकास कार्यों की समीक्षा के क्रम में किशनगंज से आई एक तस्वीर को लेकर अब राजद नेता तेजस्वी यादव ने उन्हें 'दिखावटी विकास' के लिए घेरा है.

CM Nitish Kumar
CM Nitish Kumar- फोटो : news4nation

Bihar News : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रगति यात्रा में एक तस्वीर को लेकर विपक्षी दलों ने उनके बिहार में विकास के दावों पर सवाल उठाया है. किशनगंज जिले के दौरे पर सीएम नीतीश की एक तस्वीर वायरल हो रही है जिसमें वे सफेद पर्दा को हटाकर एक अधूरे ब्रिज को देख रहे हैं. '

सीएम नीतीश की इस तस्वीर को दिखाकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने उन पर हमला बोला है. उन्होंने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के माध्यम से इसे बिहार में अधूरे विकास के दावों की हकीकत बताकर नीतीश सरकार को घेरा है. साथ ही उन्होंने बिहार में डीके टैक्स का फिर से जिक्र किया है. साथ ही ऐसे अधूरे निर्माण कार्य क्यों होते हैं इसे लेकर भी तेजस्वी ने बड़ा दावा किया है. 

राजद नेता तेजस्वी यादव ने सीएम नीतीश की फोटो के साथ लिखा है, 'प्रगति सह दुर्गति यात्रा में रेड कॉर्पेट पर चलकर 𝟐𝟎 वर्षों के मुख्यमंत्री दूधिया पर्दों के बीच से “अदृश्य प्रगति” को ढूँढते हुए। बिहार में नीतीश कुमार & 𝐃𝐊 कंपनी ने संगठित भ्रष्टाचार की लूट मचाते हुए कहीं-कहीं ऐसे दिखावटी  अर्धनिर्मित ढाँचे तथा फर्जी कागज़ों पर लकीरें खींच कर 𝟓𝟎𝟎𝟎 से अधिक पुल-पुलिया बनवा दिए है जिनका कोई “पहुँच पथ” नहीं है। अधिकांश ऐसे पुल-पुलिया खेतों के बीच मही अधर में लटके रहते है।'

वे आगे लिखते हैं, 'ऐसे पुलों का नाजुक वक़्त में टेंडर प्रक्रिया पूरी करा कर कार्यारंभ कराने का नाटक रचाया जाता है ताकि बारिश और बाढ़ का सीजन आ जाए है। फिर बारिश में गिने-चुने वो अर्धनिर्मित पुल-पुलिया ढह जाते है तथा बाक़ी बचे पुल-पुलिया (जो कागजों में बन चुके होते है) को फिर 𝐅𝐥𝐨𝐨𝐝 𝐃𝐚𝐦𝐚𝐠𝐞𝐝 𝐑𝐨𝐚𝐝𝐬 & 𝐁𝐫𝐢𝐝𝐠𝐞𝐬 में गिनकर दुबारा फ्रेश टेंडर प्रक्रिया में भेज दिया जाता है। ऐसे में हज़ारों करोड़ की संस्थागत लूट अनवरत चलती रहती है और इस लूट के सरग़ना है 𝐍𝐊 और 𝐃𝐊.'

NSIT
Nsmch

रंजन की रिपोर्ट