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Prashant Kishore In Custody: प्रशांत किशोर ने बेल बॉन्ड भरने से किया इनकार, गिरफ्तारी में आया नया मोड़, अब क्या होगा ?

Prashant Kishore In Custody: प्रशांत किशोर ने बेल बॉन्ड को भरने से इनकार कर दिया है। अब किसी भी वक्त वो जेल जा सकते हैं।

Prashant Kishore
Prashant Kishore refused to fill the bail bond- फोटो : Reporter

Prashant Kishore In Custody:  प्रशांत किशोर की गिरफ्तारी मामले में नया मोड़ सामने आया है। प्रशांत किशोर को सिविल कोर्ट से 25 हजार के मुचलके पर जमनात मिल गई थी। लेकिन पीके ने बेल बॉन्ड भरने से इनकार कर दिया है। पीके के वकील ने बताया कि प्रशांत किशोर ने बेल बॉन्ड भरने से इनकार कर दिया है। अब उन्हें जेल हो सकती है। वकील ने कहा कि पीके को कोर्ट की शर्त मंजूर नहीं है अगर को बेल बॉन्ड को नहीं भरते हैं तो उन्हें जेल हो सकती है। 

जेल जा सकते हैं पीके

दरअसल, इस मामले में पीके के वकील का कहना है कि, पुलिस प्रशांत किशोर को गिरफ्तार कर सिविल कोर्ट लाई। तब तक उन्होंने बेल पिटीशन तैयार कर लिया था। कोर्ट में पेशी के बाद इस मामले में सुनवाई हुई। बहस के बाद कोर्ट ने पीके को 25 हजार के मुचलके पर जमानत दे दी। कोर्ट ने पीके के सामने शर्त रखा कि वो एक पीआर बॉन्ड भर कर देंगे। जिसमें लिखा है कि भविष्य़ में पीके ये ऑफेन्स दोबारा नहीं करेंगे। वकील ने कहा कि उन्होंने इस बात पर अपत्ति जताई। बॉन्ड को भरने मतलब ये मानना है कि उन्होंने ऑफेन्स किया है। ऐसे में पीके भविष्य में किसी भी तरह का आंदोलन नहीं कर पाएंगे। 

पीके ने बॉन्ड भरने से किया इनकार

वकील शिवानंद गिरी ने कहा कि पीके ने कोर्ट में जज से कहा कि उन्हें जमानत बिना किसी शर्त के दी जाए। लेकिन कोर्ट ने मना किया और कहा कि एक बार जो फैसला सुना दिया गया वहीं फैसला मान्य होगा। जिसके बाद पीके ने भी बॉन्ड भरने से इनकार कर दिया। वकील का कहना है कि अगर पीके बॉन्ड नहीं भरते हैं तो फिर उन्हें जेल जाना पड़ सकता है और जब तक वो बॉन्ड नहीं भरेंगे उन्हें तब तक जेल में रहना होगा। वकील ने बताया कि पीके पर प्रतिबंधित क्षेत्र में प्रदर्शन करने और सरकारी काम में बाधा पहुंचाने का आरोप लगाया है।

जेल में भी जारी रहेगा आमरण अनशन

बता दें कि, पीके ने बेल बॉन्ड भरने से इनकार कर दिया है। पीके का कहना है कि उन्हें बिना किसी शर्त के जमानत दी जाए। साथ ही पीके ने बेल लेने से भी इनकार कर दिया है। पीके का कहना है कि अगर वो जेल जाते हैं तो जेल में भी उनका आमरण अनशन जारी रहेगा। पीके के वकील का कहना है कि वो  पीके को समझाने की कोशिश कर रहे हैं कि वो बेल बॉन्ड भर दें। 

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