LATEST NEWS

  • पटना के जमाल रोड स्थित प्लास्टिक फूल के गोदाम में लगी भीषण आग, फायर ब्रिगेड की 5 गाड़ियों ने 20 मिनट में पाया काबू
  • पटना के जमाल रोड स्थित प्लास्टिक फूल के गोदाम में लगी भीषण आग, फायर ब्रिगेड की 5 गाड़ियों

  • Bihar News : गया पुलिस ने 9 शराब कारोबारियों को किया गिरफ्तार, भारी मात्रा में देसी-विदेशी शराब और 4 बाइक किया जब्त
  • Bihar News : गया पुलिस ने 9 शराब कारोबारियों को किया गिरफ्तार, भारी मात्रा में देसी-विदेशी शराब और

  • Bihar News : कटिहार में मरीजों की जगह एंबुलेंस में ढोई जा रही थी शराब, कटिहार पुलिस ने शराब की बड़ी खेप के साथ चालक को किया गिरफ्तार
  • Bihar News : कटिहार में मरीजों की जगह एंबुलेंस में ढोई जा रही थी शराब, कटिहार पुलिस ने

  • बगहा के दोन में SSB का मानवीय चेहरा: गंभीर रुप से बीमार महिला को 4x4 एंबुलेंस से पहुंचाया अस्पताल
  • बगहा के दोन में SSB का मानवीय चेहरा: गंभीर रुप से बीमार महिला को 4x4 एंबुलेंस से पहुंचाया

  • Kanti MLA Ajit Kumar NTPC Meeting
  • Kanti MLA Ajit Kumar NTPC Meeting: स्थानीय युवाओं को रोजगार, सफाई और CSR विकास कार्यों पर बनी सहमति

Bihar School Girls Protest: मुजफ्फरपुर में फूटा नौनिहालों का गुस्सा, पीएम श्री योजना की पोल खोलती सड़क पर उतरीं छात्राएं, सड़क जाम कर ठप कर दिया सब कुछ , शिक्षा विभाग की बेरुखी पर उठे सवाल

Bihar School Girls Protest: बिहार के मुजफ्फरपुर में शिक्षा व्यवस्था की पोल खोलती एक तस्वीर सामने आई है, जहां बदइंतजामी और नाकामी से आजिज आकर स्कूली छात्राएं सड़क पर उतर गईं। ...

Muzaffarpur Students Protest Expose PM SHRI School Woes
पीएम श्री योजना की पोल खोलती सड़क पर उतरीं छात्राएं- फोटो : reporter

Bihar  School Girls Protest: बिहार के मुजफ्फरपुर में शिक्षा व्यवस्था की पोल खोलती एक तस्वीर सामने आई है, जहां बदइंतजामी और नाकामी से आजिज आकर स्कूली छात्राएं सड़क पर उतर गईं। पताही नवरात्र उच्च विद्यालय की व्यवस्था के खिलाफ उग्र प्रदर्शन करते हुए छात्राओं ने मुजफ्फरपुर-छपरा हाईवे को जाम कर दिया और शिक्षा विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस हंगामे ने महकमे की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

पीएम श्री योजना और बुनियादी सुविधाओं का अकाल

मामला तब गरमाया जब इस विद्यालय को 'पीएम श्री विद्यालय' घोषित कर गांव के ही बालिका विद्यालय का इसमें समायोजन कर दिया गया। आलम यह है कि 7 कमरों वाले इस स्कूल में पहले से ही 1100 छात्र-विद्यार्थी दर्ज थे। समायोजन के बाद करीब 300 और बच्चे इस विद्यालय में आ धमके, जिससे कुल संख्या 1400 के पार पहुंच गई।

Diarch GO

विद्यालय के प्रिंसिपल अरविंद कुमार सिंह ने भी स्वीकार किया कि उन्होंने कमियों को लेकर कई मर्तबा शिक्षा विभाग को खत लिखा, लेकिन नतीजा सिफर रहा। छात्राओं का कहना है कि नए विद्यालय में न तो बैठने के लिए डेस्क-बेंच हैं, न पीने का पानी और न ही शौचालय की  व्यवस्था है। जब बुनियादी सहूलियतें ही गायब हैं, तो आखिर बच्चे शिक्षा हासिल करने कहां बैठें?

भीषण गर्मी और प्रशासनिक उदासीनता

प्रदर्शन के दौरान भीषण गर्मी की तपिश से कई छात्राएं बेहोश होकर मूर्छित हो गईं। करीब तीन घंटे तक चले इस चक्काजाम से हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई। हैरानी की बात यह है कि घटना की सूचना देने के बावजूद शिक्षा विभाग का कोई भी नुमाइंदा या प्रशासनिक अफसर मौके पर नहीं पहुंचा। आखिरकार स्थानीय ग्रामीणों और मुखिया संजय ठाकुर के हस्तक्षेप और समझाने-बुझाने के बाद ही बच्चियां शांत हुईं और जाम हटाया गया।

NSIT
Nsmch

इस बेपरवाही से अभिभावकों और बच्चों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। सवाल यह उठता है कि क्या हुक्मरानों को बच्चों की सेहत और भविष्य से कोई सरोकार नहीं है? जब तक महकमा इन इंतजामों को दुरुस्त नहीं करता, तब तक बच्चों का आक्रोश थमने का नाम नहीं लेगा।

रिपोर्ट- मणिभूषण शर्मा