LATEST NEWS

  • Saharsa News
  • Saharsa News: सहरसा में पीएम आवास योजना की सूची में गड़बड़ी की शिकायत, आवास सहायक से जवाब तलब

  • Patna Constituency Election
  • Patna Constituency Election: पटना स्नातक चुनाव में राजद और जदयू के बीच कड़ा मुकाबला, 72 वोटों का अंतर

  • Kosi election
  • Kosi election: कोसी स्नातक सीट पर पांचवें राउंड की गिनती पूरी, जानें भाजपा, राजद और जन सुराज के

  • siwan blast
  • siwan blast: सिवान में दो हादसों के पीड़ितों को राहत, सात मृतकों के परिजनों के लिए मंजूर हुई

  • Ara Railway Station
  • Ara Railway Station: आरा रेलवे स्टेशन पर तीन संदिग्ध गिरफ्तार, दो मोबाइल और ब्लेड का टुकड़ा बरामद

Bihar Flood News : गोपालगंज में गंडक नहर में 11 गुना अधिक पानी छोड़े जाने से गांवों में फैला पानी, ग्रामीणों में मचा हड़कंप

Bihar Flood News : गंडक नहर में पानी छोड़े जाने के बाद गोपालगंज के बरौली प्रखंड के कहला विसुनपुरा इलाके में मुख्य नहर का बांध अचानक टूट गया। इससे कई गांवों में पानी घुस गया है......पढ़िए आगे

Bihar Flood News : गोपालगंज में गंडक नहर में 11 गुना अधिक पा

GOPALGANJ : गोपालगंज में गंडक नहर में पानी छोड़े जाने के बाद बरौली प्रखंड के कहला विसुनपुरा इलाके में नहर का बांध टूट गया। बांध टूटते ही पानी तेजी से आसपास के गांवों की ओर बढ़ने लगा, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही नहर विभाग और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और युद्धस्तर पर मरम्मत कार्य शुरू कर दिया गया। बरौली थाना क्षेत्र के कहला विसुनपुरा में सारण गंडक नहर का बांध टूटने से बड़ी संख्या में खेतों और निचले इलाकों में पानी फैल गया। पानी का बहाव गांवों की ओर होने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बन गया। प्रशासन ने तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू करते हुए प्रभावित इलाके की निगरानी तेज कर दी है।

सदर एसडीएम अनिल कुमार ने बताया कि नहर प्रबंधन के अधिकारियों के साथ लगातार समन्वय किया जा रहा है। बांध टूटने की सूचना मिलते ही मरम्मत कार्य शुरू कर दिया गया है। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया गया है कि फिलहाल नहर में पानी नहीं छोड़ा जाए, ताकि पानी के बहाव को नियंत्रित किया जा सके और टूटे हुए हिस्से की मरम्मत जल्द पूरी हो सके।

वहीं कार्यपालक अभियंता दिलीप कुमार ने बताया कि 15 जून से नहर का संचालन शुरू किया गया था। विभाग द्वारा निर्धारित मात्रा में पानी की मांग की गई थी, लेकिन आवश्यकता से अधिक पानी छोड़े जाने के कारण नहर पर दबाव बढ़ गया। उन्होंने बताया कि जहां लगभग 1000 क्यूसेक पानी की मांग की गई थी, वहीं करीब 11 हजार क्यूसेक पानी नहर में प्रवाहित किया गया, जबकि गंडक नदी में उस समय करीब 4 से 4.5 हजार क्यूसेक पानी ही बह रहा था। अत्यधिक दबाव के कारण नहर का बांध क्षतिग्रस्त हो गया।

कार्यपालक अभियंता ने बताया कि बांध टूटने की मुख्य वजह पानी का अत्यधिक दबाव है। हालांकि किसी बड़े नुकसान की सूचना नहीं है। पानी का प्रवाह पूरी तरह बंद कर दिया गया है और लगातार मरम्मत कार्य जारी है। अधिकारियों का दावा है कि अगले दो से तीन दिनों में स्थिति पूरी तरह सामान्य हो जाएगी। फिलहाल प्रशासन और नहर विभाग की टीम मौके पर कैंप कर रही है। टूटे हुए बांध की मरम्मत युद्धस्तर पर जारी है और प्रभावित गांवों पर लगातार नजर रखी जा रही है।

NSIT
Nsmch

नमो नारायण की रिपोर्ट