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Bengal Ram Temple: हुगली तट पर अयोध्या के जैसा बनेगा मंदिर, बाबरी मस्जिद की नींव रखे जाने के बाद बंगाल में बनेगा भव्य राम मंदिर, इस दिन रखी जाएगी नींव

Bengal Ram Temple: बंगाल में अयोध्या की तर्ज़ पर बनने जा रहा भव्य राम मंदिर सिर्फ़ ईंट-पत्थर का ढांचा नहीं, बल्कि आस्था का नया केंद्र बनने की तैयारी में है।...

Grand Ram Temple Like Ayodhya to Rise on Hooghly Banks in Be
बंगाल में अयोध्या जैसा मंदिर- फोटो : social Media

Bengal Ram Temple: पश्चिम बंगाल की सियासी फ़ज़ा में एक बार फिर धर्म, संस्कृति और पहचान की मिली-जुली ज़ुबान गूंजने वाली है। नदिया ज़िले के फुलिया में अयोध्या की तर्ज़ पर बनने जा रहा भव्य राम मंदिर सिर्फ़ ईंट-पत्थर का ढांचा नहीं, बल्कि आस्था, राजनीति और बंगाली अस्मिता के नैरेटिव का नया केंद्र बनने की तैयारी में है। यह वही धरती है, जहां बंगाली रामायण के रचयिता कृत्तिवास ओझा ने श्रीराम पांचाली के जरिए राम को जन-जन का अपना बनाया था।

हुगली (गंगा) नदी के पाक तट पर, कृत्तिबास स्मारक के क़रीब साढ़े तीन एकड़ ज़मीन पर प्रस्तावित यह मंदिर लगभग 100 करोड़ रुपये की लागत से खड़ा होगा। शिलान्यास खरमास के बाद 14 जनवरी को प्रस्तावित है और माघ पंचमी कृत्तिवास जयंती से निर्माण शुरू होने की संभावना जताई जा रही है। लक्ष्य है कि 2028 तक यह आस्था-स्थल मुकम्मल हो जाए।

मंदिर का बाहरी स्वरूप अयोध्या के राम मंदिर से मिलता-जुलता होगा, हालांकि भीतर से यह एक मंज़िला रहेगा। निर्माण में राजस्थान के बंसी पहाड़पुर के पत्थरों का इस्तेमाल होगा। गर्भगृह में पूरा ‘राम दरबार’ सजेगा, लेकिन सबसे ज़्यादा चर्चा राम की मूर्ति को लेकर है जो हरे रंग की होगी। ट्रस्ट का कहना है कि कृत्तिवास ने राम को ‘घास जैसा हरा’ बताया है, इसलिए नेपाल के मुक्तिनाथ के शालिग्राम ( हरितिमा लिए ) या ग्रेनाइट से प्रतिमा गढ़ी जाएगी। यह रंग-चयन आस्था के साथ-साथ राजनीतिक बहसों को भी हवा दे रहा है।

तीनों ओर बनने वाला टेराकोटा गलियारा बंगाल की कला-परंपरा को बयान करेगा, जहां कृत्तिवास रामायण के प्रसंग म्यूरल के रूप में उभरेंगे। साथ ही कृत्तिवास कल्चरल सेंटर और डिजिटल हेरिटेज हब में रामायण की दुर्लभ पांडुलिपियों का संरक्षण होगा।

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ट्रस्ट अध्यक्ष और शांतिपुर के पूर्व विधायक अरिंदम भट्टाचार्य इसे बंगाली अस्मिता का प्रतीक बताते हैं। पूरे बंगाल में लगे होर्डिंग इसी पैग़ाम को आम कर रहे हैं।