Bihar School News: ACS सिद्धार्थ ने सभी DEO को दिया निर्देश,अब स्कूलों की ऐसे करें जांच,इनसे भी होगी पूछ-ताछ,मास्टर साहेब हो जाएं सतर्क

Bihar School News: संविदा कर्मियों द्वारा किए गए कई स्कूल निरीक्षण की रिपोर्टें नकली थीं। शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ एस सिद्धार्थ ने इसका रास्ता निकाल लिया है।

Bihar Education Department, ACS डॉ एस सिद्धार्थ
मास्टर साहेब हो जाएं सतर्क- फोटो : Hiresh Kumar

Bihar School News:  शिक्षा विभाग के एसीएस डॉ एस सिद्धार्थ ने सरकारी स्कूलों के संबंध में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। इस निर्णय के तहत, अब सरकारी स्कूलों का निरीक्षण केवल शिक्षा विभाग के नियमित अधिकारियों द्वारा किया जाएगा। शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ ने इस विषय में सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए हैं। शिक्षा विभाग के आदेशों के अनुसार, अब अल्पकालिक संविदा पर नियुक्त या आउटसोर्स कर्मियों को इस कार्य में शामिल होने की अनुमति नहीं होगी।

एसीएस डॉ एस सिद्धार्थ ने 90 दिनों तक 80 हजार स्कूलों का निरीक्षण करने के लिए 38 अधिकारियों की टीम बनाई हैं, जिसका उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई सुनिश्चित करना है। कुल 38 अधिकारी इस निरीक्षण कार्य में शामिल होंगे। 

Diarch GO

शिक्षा विभाग की जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि संविदा कर्मियों द्वारा किए गए कई स्कूल निरीक्षण की रिपोर्टें नकली थीं। इस समस्या को हल करने के लिए बिहार सरकार ने अब केवल नियमित अधिकारियों को निरीक्षण का कार्य सौंपा है। शिक्षा विभाग के निर्देशों के अनुसार  प्रत्येक अधिकारी को हर महीने 25 स्कूलों का आकस्मिक निरीक्षण करना आवश्यक होगा। यदि कोई निरीक्षण रिपोर्ट गलत या भ्रामक पाई जाती है, तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।इस अभियान के तहत 80,000 स्कूलों का निरीक्षण किया जाएगा। 

यह निरीक्षण कार्य 90 दिनों के भीतर पूरा किया जाएगा। इस समय सीमा को निर्धारित करने का उद्देश्य त्वरित परिणाम प्राप्त करना और आवश्यक सुधारों को तुरंत लागू करना है।शिक्षा विभाग के हालिया निर्देशों के अनुसार, किन-किन विद्यालयों का निरीक्षण किया जाएगा, इसका निर्धारण स्वयं अपर मुख्य सचिव करेंगे। प्रत्येक निरीक्षण की सूचना संबंधित अधिकारियों को निरीक्षण के एक दिन पूर्व प्रदान की जाएगी। यह सभी जानकारी कर्मचारियों को मोबाइल फोन के माध्यम से उपलब्ध कराई जाएगी। यह कदम निरीक्षण प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से उठाया गया है।

NSIT
Nsmch

निरीक्षण के दौरान यदि किसी भी प्रकार की कमी या समस्या पाई जाती है, तो अधिकारियों को सुधारात्मक उपाय सुझाने होंगे ताकि शिक्षा प्रणाली में सुधार किया जा सके।90 दिनों तक 80 हजार स्कूलों का निरीक्षण करने के लिए 38 अधिकारियों की टीम बनाई गई है,यह कदम निरीक्षण प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से उठाया गया है।