Gwalior child murder case: 12 साल की लड़की ने 4 साल के मासूम को उतारा मौत के घाट! मर्डर का तरीका जान चौंक जाएंगे आप

ग्वालियर में 4 साल के बच्चे की हत्या के मामले में 12 वर्षीय लड़की पर आरोप है। पुलिस को लड़की ने बुरी आत्माओं का दावा करते हुए गुनाह कबूल किया। जानें इस सनसनीखेज मामले की पूरी कहानी।

Gwalior child murder case: 12 साल की लड़की ने 4 साल के मासूम
Gwalior child murder case- फोटो : social media

Gwalior child murder case: ग्वालियर में चार साल के बच्चे की क्रूर हत्या ने पुलिस को हैरान और परेशान कर दिया है। इस मामले में मुख्य आरोपी 12 वर्षीय एक लड़की है, जिसने पहले पुलिस के सवालों से बचने की कोशिश की लेकिन बाद में बुरी आत्माओं का साया होने का दावा करते हुए अपना गुनाह कबूल कर लिया।

कैसे सामने आया पूरा मामला?

इस घटना का शिकार देवराज वंशकार नाम का 4 साल का लड़का है। जब वह अचानक लापता हो गया, तो उसके माता-पिता ने पहले खुद उसे तलाशने की कोशिश की, और बाद में पुलिस में लापता होने की शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने इलाके के CCTV फुटेज खंगाले, जिसमें देवराज को 12 साल की एक लड़की के साथ देखा गया।

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पुलिस को मिला पहला सुराग

जब पुलिस ने लड़की से पूछताछ की, तो उसने कहा कि वह देवराज से कुछ समय बाद अलग हो गई थी। हालांकि, पुलिस को लड़की के बयान में विरोधाभास नजर आया क्योंकि वह बार-बार अपनी कहानी बदल रही थी। इस पर शक होने के बाद पुलिस ने गहराई से जांच शुरू की।

बुरी आत्माओं का दावा और गुनाह कबूलना

इस दौरान, पुलिस ने मामले को सुलझाने के लिए एक महिला अधिकारी से मदद ली, जिसने देवी का साया होने का नाटक किया। इस प्रभाव के चलते, लड़की ने आखिरकार अपना गुनाह कबूल किया और पुलिस को निर्माण स्थल पर दफन किए गए शव तक ले गई। लड़की का कहना था कि उसके ऊपर बुरी आत्माओं का साया था, जिसने उसे यह अपराध करने के लिए मजबूर किया।

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मानसिक स्थिति पर गंभीर सवाल

इस केस ने लड़की की मानसिक स्थिति को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस ने कहा है कि लड़की को विशेषज्ञ परामर्श दिलवाया जाएगा ताकि उसकी मानसिक स्थिति का आकलन किया जा सके।

पुलिस की तफ्तीश और पोस्टमार्टम रिपोर्ट

एसपी धर्मवीर यादव ने बताया कि बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

सर्च ऑपरेशन और पुलिस की मेहनत

जब बच्चे के लापता होने की सूचना मिली, तो पुलिस की 50 से अधिक टीमें सर्च ऑपरेशन में जुट गईं। पुलिस ने डॉग स्क्वॉड की मदद भी ली, लेकिन शुरुआती घंटों में बच्चे का कोई सुराग नहीं मिला। बाद में, लड़की की निशानदेही पर बच्चे का शव बरामद किया गया।

लापता केस गंभीर हत्या में तब्दील

ग्वालियर में इस साधारण दिखने वाले लापता केस ने एक गंभीर हत्या में तब्दील होकर सबको हैरान कर दिया है। 12 साल की लड़की द्वारा किए गए इस अपराध ने उसकी मानसिक स्थिति और आपराधिक प्रवृत्ति को लेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं। पुलिस अब इस केस की गहराई से जांच कर रही है और भविष्य में लड़की के मानसिक उपचार की संभावना पर भी विचार कर रही है।