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Bihar Teacher Love Affair: पढ़ाई से नौकरी तक पति ने दिया साथ, जमीन बेचकर बनाया मैडम, नौकरी मिलते ही शौहर-बच्चे को छोड़ प्रेमी के साथ हुई फरार, चर्चा में प्यार, प्रमोशन और परिवार का TRE-2 ट्रायंगल

Bihar Teacher Love Affair: जिस पति ने पत्नी को पढ़ाने के लिए जमीन बेच दी, वही नौकरी लगते ही बेगानी हो गयी!....

Husband claims wife became teacher after land sale then elop
प्यार, प्रमोशन और परिवार का TRE-2 ट्रायंगल- फोटो : reporter

Bihar Teacher Love Affair: जिस पति ने पत्नी को पढ़ाने के लिए जमीन बेच दी, वही नौकरी लगते ही बेगानी हो गयी! कहानी शुरु होती है बिहार के वैशाली से ....इस कहानी ने रिश्तों, भरोसे और त्याग की पूरी किताब को ही सवालों के कटघरे में खड़ा कर दिया है। यह मामला सिर्फ एक पति-पत्नी के विवाद का नहीं, बल्कि उस बदलते सामाजिक मिज़ाज का आईना बन गया है, जहां मोहब्बत की जगह महत्वाकांक्षा और त्याग की जगह सेटलमेंट ने ले ली है। हाजीपुर नगर थाना क्षेत्र में इन दिनों हर नुक्कड़, चाय दुकान और चौक-चौराहे पर बस इसी किस्से की चर्चा है जिस पति ने पत्नी को पढ़ाने के लिए जमीन बेच दी, वही नौकरी लगते ही बेगानी हो गयी!

पीड़ित पति अमन कुमार की दास्तान सुनकर लोग यही कह रहे हैं कि मोहब्बत में आदमी क्या-क्या नहीं करता, मगर आजकल रिजल्ट आने के बाद रिश्तों का सिलेबस ही बदल जाता है। अमन का दावा है कि साल 2013 में उसकी शादी गुंजन कुमारी से हुई थी। शादी के बाद उसने अपनी पत्नी के सपनों को अपना सपना बना लिया। खुद मजदूरी की, तंगी झेली, लेकिन पत्नी की पढ़ाई नहीं रुकने दी। यहां तक कि पैतृक जमीन तक बेच दी ताकि मैडम की पढ़ाई और तैयारी जारी रह सके।

कहते हैं कि हर संघर्ष के पीछे एक उम्मीद होती है। अमन को भी उम्मीद थी कि जब पत्नी शिक्षिका बन जाएगी तो घर की हालत सुधरेगी, परिवार खुशहाल होगा और बेटे का भविष्य बेहतर बनेगा। लेकिन किस्मत ने यहां भी वही पुराना सियासी खेल खेल दिया कुर्सी मिलते ही पुरानी वफादारियां फाइलों में दब गईं।

अमन के मुताबिक गुंजन कुमारी ने ग्रेजुएशन और बीएड पूरा करने के बाद BPSC TRE-2 परीक्षा पास कर ली और सरकारी शिक्षिका बन गईं। नौकरी की चाबी हाथ में आते ही रिश्तों की तासीर बदलने लगी। पति का आरोप है कि ट्रेनिंग के दौरान पत्नी की नजदीकियां उसके पुराने कॉलेज मित्र प्रेम प्रकाश जयवाल से बढ़ गईं। अब यह दोस्ती कब मोहब्बत में बदल गई, इसकी खबर शायद पति को सबसे आखिर में मिली।

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मामले ने तब सनसनीखेज मोड़ लिया जब अमन ने दावा किया कि 23 मई को उसने हाजीपुर के लिच्छवि नगर स्थित किराए के मकान में पत्नी को कथित प्रेमी के साथ आपत्तिजनक हालत में पकड़ लिया। मामला इतना गरमा गया कि डायल 112 पुलिस को बुलाना पड़ा। हालांकि पुलिस के पहुंचने से पहले ही मोहल्ले वाले, मकान मालिक और तमाशबीनों की जनता अदालत मौके पर जमा हो चुकी थी। बिहार की गलियों में वैसे भी किसी का घरेलू विवाद मिनटों में लोकसभा बहस का रूप ले लेता है।

लेकिन इस पूरे घटनाक्रम में सबसे ज्यादा दिल तोड़ने वाला पहलू उस 10 साल के मासूम बेटे का बयान बन गया, जिसने अपने बचपन की मासूमियत छोड़कर सीधे बड़ों वाली कड़वी बातें बोल दीं। बच्चे ने साफ कहा कि वह अब मां के साथ नहीं रहना चाहता। उसने आरोप लगाया कि मां उसे कथित प्रेमी के बारे में किसी से कुछ नहीं बताने को कहती थी। अब सोचिए, जिस उम्र में बच्चों को स्कूल बैग और कार्टून की चिंता होनी चाहिए, उस उम्र में वह रिश्तों की सियासत और बेवफाई का बोझ ढो रहा है।

सोशल मीडिया पर लोग इस मामले को लेकर तरह-तरह के तंज कस रहे हैं। कोई कह रहा है—सरकारी नौकरी मिलते ही पति पुराना मॉडल हो गया, तो कोई लिख रहा है BPSC का रिजल्ट आया और शादी का रिजल्ट बिगड़ गया। हालांकि सच्चाई क्या है, इसका फैसला जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही होगा, लेकिन इस घटना ने समाज को यह सोचने पर मजबूर जरूर कर दिया है कि क्या अब रिश्ते भी नौकरी, स्टेटस और सुविधाओं के हिसाब से तय होने लगे हैं?

त्याग, भरोसा और परिवार… ये शब्द अब किताबों और भाषणों में ज्यादा सुनाई देते हैं, जमीन पर कम दिखाई पड़ते हैं। वैशाली का यह मामला सिर्फ एक परिवार का संकट नहीं, बल्कि उस बदलते दौर की तस्वीर है जहां सपनों को पूरा करने और रिश्तों को निभाने के बीच की दूरी लगातार बढ़ती जा रही है।

रिपोर्ट-ऋषभ कुमार