LATEST NEWS

  • बाढ को लेकर मुकेश सहनी ने केन्द्र और राज्य सरकार को घेरा, कहा-पिछले 50 वर्षों से केवल योजनाएं बनाने की बातें की जा रही हैं
  • बाढ को लेकर मुकेश सहनी ने केन्द्र और राज्य सरकार को घेरा, कहा-पिछले 50 वर्षों से केवल योजनाएं

  • Bihar News : बेगूसराय में विक्षिप्त नाबालिग से युवक ने की दुष्कर्म की कोशिश, आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार
  • Bihar News : बेगूसराय में विक्षिप्त नाबालिग से युवक ने की दुष्कर्म की कोशिश, आरोपी को पुलिस ने

  • Patna divisional commissioner paliganj sub division inspection
  • Patna Divisional Commissioner Inspection:मनरेगा भुगतान अटका देख कमिश्नर ने मौके पर ही अधिकारियों की लगाई क्लास

  • गंडक नदी में उफान: खतरे के निशान से 51 सेंटीमीटर ऊपर पहुंचा जलस्तर, वैशाली में प्रशासन अलर्ट
  • गंडक नदी में उफान: खतरे के निशान से 51 सेंटीमीटर ऊपर पहुंचा जलस्तर, वैशाली में प्रशासन अलर्ट

  • Bihar News : गोपालगंज पुलिस ने सेक्स रैकेट का किया भंडाफोड़, एक दर्जन युवक-युवतियों को हिरासत में लिया, मैनेजर फरार
  • Bihar News : गोपालगंज पुलिस ने सेक्स रैकेट का किया भंडाफोड़, एक दर्जन युवक-युवतियों को हिरासत में लिया,

आगामी बाढ़ को लेकर अलर्ट: कोसी तटबंध पर एसएसबी ने किया आपदा बचाव अभ्यास, ग्रामीणों को सिखाए सुरक्षा के गुर

आगामी मानसून और बाढ़ के मौसम को देखते हुए सशस्त्र सीमा बल (SSB) की 45वीं वाहिनी द्वारा रविवार को कोसी पूर्वी तटबंध के 10 किलोमीटर स्पर के पास एक विशेष आपदा प्रबंधन मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया....

आगामी बाढ़ को लेकर अलर्ट: कोसी तटबंध पर एसएसबी ने किया आपदा
SSB की 45वीं वाहिनी का विशेष आपदा प्रबंधन मॉक ड्रिल- फोटो : विनय कुमार मिश्रा

Supaul : मानसून की दस्तक और आगामी बाढ़ के मौसम को ध्यान में रखते हुए सशस्त्र सीमा बल (SSB) की 45वीं वाहिनी ने रविवार को एक बड़ी तैयारी शुरू की है। एसएसबी के जवानों ने कोसी पूर्वी तटबंध के 10 किलोमीटर स्पर के समीप आपदा प्रबंधन को लेकर एक विशेष मॉक ड्रिल (अभ्यास) का आयोजन किया। इस महत्वपूर्ण अभ्यास का मुख्य उद्देश्य कोसी क्षेत्र में आने वाली संभावित बाढ़ और किसी भी अन्य प्राकृतिक आपदा के दौरान त्वरित राहत एवं बचाव कार्यों की जमीनी तैयारियों को परखना और तटबंध के किनारे बसे स्थानीय ग्रामीणों को आपातकालीन स्थितियों के लिए जागरूक करना था।


डूबते हुए व्यक्ति को बचाने और लाइफ जैकेट के सही इस्तेमाल का हुआ सजीव प्रदर्शन

मॉक ड्रिल के दौरान एसएसबी की रेस्क्यू रिलीफ टीम (RRT) के जांबाज जवानों ने उफनती नदी के बीच विभिन्न आधुनिक बचाव तकनीकों का सजीव प्रदर्शन किया। जवानों ने दिखाया कि अचानक बाढ़ आने या जलस्तर बढ़ने की स्थिति में टापू पर फंसे लोगों को बोट (नाव) के जरिए सुरक्षित स्थानों तक कैसे पहुंचाया जाता है। इसके अलावा, यदि कोई व्यक्ति तेज धार में डूब रहा हो, तो उसे पानी से बाहर निकालने और तुरंत प्राथमिक उपचार (First Aid) देने की विधि भी प्रदर्शित की गई। ग्रामीणों को लाइफ जैकेट, लाइफ बॉय रिंग और रस्सी जैसे जीवन रक्षक उपकरणों का सही इस्तेमाल करना सिखाया गया।

Diarch GO


संकट की घड़ी में घबराएं नहीं, हमारी रेस्क्यू टीम 24 घंटे मुस्तैद: प्रभारी कमांडेंट

अभ्यास की देखरेख कर रहे एसएसबी 45वीं वाहिनी के प्रभारी कमांडेंट जगदीश कुमार शर्मा ने बल की तैयारियों पर भरोसा जताते हुए कहा कि एसएसबी के पास आपदा से निपटने के लिए विशेष रूप से प्रशिक्षित जवानों और विशेषज्ञ प्रशिक्षकों की एक अत्याधुनिक रेस्क्यू रिलीफ टीम (RRT) मौजूद है। यह टीम चौबीसों घंटे किसी भी विपरीत परिस्थिति में राहत कार्य शुरू करने के लिए पूरी तरह तत्पर रहती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कोसी क्षेत्र में बाढ़, नाव हादसा या जलभराव होने पर यह टीम स्थानीय जिला प्रशासन के साथ मिलकर प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल मोर्चा संभालेगी।


डिजिटल युग में सतर्कता जरूरी, तटवर्ती इलाकों के ग्रामीणों ने लिया सुरक्षा का संकल्प

अभ्यास के समापन पर एसएसबी अधिकारियों और जवानों ने तटवर्ती इलाकों में रहने वाले सैकड़ों ग्रामीणों से संवाद किया। टीम ने लोगों से अपील की कि वे संकट के समय बिल्कुल भी घबराएं नहीं, बल्कि प्रशासनिक दिशा-निर्देशों और मौसम विभाग के पूर्वानुमानों पर लगातार नजर रखें। ग्रामीणों से आग्रह किया गया कि जलस्तर बढ़ने की शुरुआती सूचना मिलते ही वे अपने मवेशियों और कीमती सामान के साथ ऊंचे व सुरक्षित स्थानों की ओर कूच कर जाएं। इस मॉक ड्रिल कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे, जिन्होंने संकट के समय एसएसबी के निर्देशों का पालन करने का सामूहिक संकल्प लिया।

NSIT
Nsmch


विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट