Bihar News: सीतामढ़ी में नशे में चूर ऑटो ड्राइवर ने रेलवे ट्रैक पर चढ़ाया वाहन, लोको पायलट की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा
Bihar News: एक संभावित बड़ी रेल दुर्घटना उस समय टल गई, जब एक ऑटो रिक्शा चालक ने नशे की हालत में वाहन को सीधे रेलवे ट्रैक पर चढ़ा दिया।

Bihar News:सीतामढ़ी में एक संभावित बड़ी रेल दुर्घटना उस समय टल गई, जब एक ऑटो रिक्शा चालक ने नशे की हालत में वाहन को सीधे रेलवे ट्रैक पर चढ़ा दिया। यह घटना सीतामढ़ी जंक्शन से सटे मेहसौल गुमटी के पास घटी, जहां संयोग से ट्रेन उसी समय उसी ट्रैक पर प्रवेश कर रही थी।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, ऑटो चालक नशे की हालत में संतुलन खो बैठा और बिना सोच-विचार के रिक्शा को रेलवे लाइन पर घुसेड़ दिया। हैरानी की बात यह रही कि उस समय ऑटो में सवारियां भी मौजूद थीं, जिनकी जान जोखिम में पड़ गई थी।लेकिन इसी दौरान ट्रैक पर आ रही ट्रेन के लोको पायलट ने असाधारण सतर्कता दिखाई। उन्होंने फौरन ब्रेक लगाकर ट्रेन को समय रहते रोक दिया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। ट्रेन के रुकते ही अफरा-तफरी मच गई और यात्रियों में दहशत फैल गई।
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची आरपीएफ (रेलवे सुरक्षा बल) की टीम ने ऑटो चालक को हिरासत में ले लिया। पुलिस जांच में पाया गया कि चालक शराब के नशे में धुत था। उसके खिलाफ रेलवे अधिनियम और नशा अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।ऑटो को भी जब्त कर लिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए चालक व वाहन को संबंधित थाने भेजा गया है।
रेलवे अधिकारियों ने लोको पायलट की सूझबूझ की सराहना की है। अगर समय रहते ट्रेन नहीं रोकी जाती, तो यह एक भीषण दुर्घटना में बदल सकता था, जिसमें न केवल ऑटो सवारों बल्कि ट्रेन यात्रियों की जान पर भी खतरा मंडरा सकता था।
यह घटना बिहार में सार्वजनिक परिवहन और शराब नियंत्रण नीति की गंभीर पोल खोलती है। यह प्रश्न उठता है कि शराबबंदी के बावजूद नशे में धुत वाहन चालक कैसे सड़कों और अब रेलवे ट्रैक तक पहुँच रहे हैं?
रिपोर्ट-अविनाश कुमार

















