LATEST NEWS

  • Gaya Police News
  • Gaya Police News: गया में गांधी नगर जमीन विवाद में एसएसपी की बड़ी कार्रवाई, ADG की खबरों

  •  credit card
  • credit card: दिवाली पर HDFC, SBI, ICICI और Axis बैंक के क्रेडिट कार्ड से खरीदारी पर छूट,

  • Kylie jenner
  • Kylie jenner: 4410 हीरे और 1,000 घंटे की मेहनत, जानें काइली जेनर की फैंटेसी ब्रा की खासियत

  • IT companies hiring
  • IT companies hiring: IT सेक्टर में लौटी भर्ती की रफ्तार, 5 बड़ी कंपनियों में कर्मचारियों की संख्या बढ़ी

  • Patna Traffic Plan
  • Patna Traffic Plan: पटना ट्रैफिक अलर्ट: सुबह 5 बजे से कई मार्ग बंद, वाहन चालकों के लिए एडवाइजरी

Bihar Land Dispute: CO और राजस्व कर्मियों पर कड़ी कार्रवाई, सबका वेतन रोका गया, आखिर क्यों हुआ ऐसा ..जान लीजिए

Bihar Land Dispute: तमाम चेतावनी के बावजूद भू एवं राजस्व विभाग के कर्मी सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं. इसी कड़ी में सीओ, सीआई और कर्मियों पर कार्रवाई की गयी है.....पढ़िए आगे

Bihar Land Dispute: CO और राजस्व कर्मियों पर कड़ी कार्रवाई,
राजस्व कर्मियों पर कार्रवाई - फोटो : SUMIT KUMAR

JAMUI : बीते माह बिहार सरकार द्वारा जारी की गई रैंकिंग में भू एवं राजस्व विभाग द्वारा जमुई जिले को बेहद खराब रैंकिंग दी गई थी। जिसके बाद जिला प्रशासन द्वारा पेंडिंग दाखिल खारिज सहित सभी लंबित मामले का निपटारा जल्द करने का आदेश पारित हुआ। लेकिन लंबित मामलों की संख्या इतनी थी कि सभी का निपटारा तय समय में करना नामुमकिन था। फिर क्या चला कारवाई का डंडा और सभी CO, CI और राजस्व कर्मचारी का तत्काल वेतन स्थगित कर दिया गया। अब दूसरा महीना बीतने को है। साहब सहित राजस्व कर्मचारी बिना वेतन के काम करने को मजबूर है। 

जिले के सभी अंचल कार्यालय में इस बात से काफी रोष उत्पन्न हो गया है। पिछले दिनों मीटिंग में हिम्मत जुटाकर अंचल वाले साहब ने जिलाधिकारी को इस बावत अनुरोध किया। मैडम ने भी तुरंत अपर समाहर्ता को वेतन भुगतान करने को कहा। लेकिन साहब ने सीएम विजिट का हवाला देते हुए "काम में और तेजी आएगी" के बहाने कोई ठोस पहल नहीं की। जिसको लेकर अंचल कार्यालय कर्मी प्रदर्शन के मूड में आ गए और अब हाथ में काली पट्टी बांधकर ड्यूटी कर रहे है। नाम नहीं लिखने के शर्त पर एक कर्मचारी ने कहा कि साहब को क्या फर्क पड़ता है हमलोग जिए या मरे। दो महीने से वेतन नहीं मिलने के कारण बच्चों के स्कूल की फीस तक जमा करना मुश्किल हो गया है बाकी EMI और दवाई का बोझ अलग से है। क्या करे कुछ समझ में नहीं आता है। 

ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि जिले के पिछड़े रैंकिंग पाने के दोषी क्या सिर्फ अंचल के ही कर्मी है या यह सबकी जिम्मेदारी है। जबकि सामान्य प्रशासन विभाग ने वेतन रोकने के लिए साफ तौर से मना किया है। ऐसे में इस तरह का फरमान जारी करना अधिकारियों की असंवेदनशीलता को दर्शाता है। अब देखना लाजिमी होगा कि आखिर कब इन कर्मियों का वेतन निर्गत किया जाता है या फिर नीतीश कुमार की प्रगति यात्रा के बाद ही वेतन निर्गत करने की प्रक्रिया प्रगतिशील होगी। फिलहाल इस मुद्दे को लेकर जिले के सभी प्रखंडों में खूब कानाफूसी हो रही है और बेचारे अंचल कर्मी एक दूसरे का मुंह टुकुर टुकुर देख रहे है।

जमुई से सुमित की रिपोर्ट