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Bihar News : गोपालगंज सदर अस्पताल में 'नो एंट्री' अलर्ट, बिना ड्रेस कोड और ID कार्ड के प्रवेश पर लगी रोक, सुरक्षा के किये गए पुख्ता इंतजाम

Bihar News : गोपालगंज सदर अस्पताल में 'नो एंट्री' अलर्ट, बिन

GOPALGANJ : जिला प्रशासन ने सदर अस्पताल की सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर अब तक का सबसे कड़ा फैसला लिया है। हाल के दिनों में अस्पताल परिसर में सामने आई अव्यवस्थाओं और अप्रिय घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने अनधिकृत प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया है। नए आदेश के अनुसार, अब बिना ड्रेस कोड और वैध पहचान पत्र (ID कार्ड) के किसी भी बाहरी व्यक्ति या कर्मी का परिसर में प्रवेश वर्जित होगा।

सुरक्षा घेरे में अस्पताल, गार्ड्स को सख्त निर्देश

सदर अस्पताल प्रबंधन ने सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद करने के लिए गार्ड प्रभारी को कड़े निर्देश जारी किए हैं। मुख्य द्वार पर तैनात सुरक्षाकर्मियों को स्पष्ट कहा गया है कि वे हर आने-जाने वाले की सघन जांच करें। बिना पहचान पत्र के घूमने वाले संदिग्धों और बाहरी तत्वों को तुरंत परिसर से बाहर किया जाएगा। हालांकि, प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह नियम मरीज और उनके परिजनों पर लागू नहीं होगा, ताकि इलाज के लिए आने वाले लोगों को किसी असुविधा का सामना न करना पड़े।

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अवैध गतिविधियों और भारी भीड़ पर लगेगी लगाम

अस्पताल परिसर में हर दिन सैकड़ों मरीजों की आवाजाही होती है, जिसका फायदा उठाकर अक्सर असामाजिक तत्व और अनाधिकृत लोग वहां डेरा जमा लेते हैं। इससे न केवल अस्पताल का वातावरण प्रभावित होता है, बल्कि मरीजों की निजता और सुरक्षा पर भी खतरा बना रहता है। प्रशासन का मानना है कि ड्रेस कोड और पहचान पत्र अनिवार्य होने से अस्पताल में काम करने वाले वास्तविक कर्मियों और बाहरी लोगों के बीच स्पष्ट अंतर किया जा सकेगा, जिससे अवैध गतिविधियों पर लगाम लगेगी।

मरीजों को मिलेगा सुरक्षित माहौल

इस सख्ती का मुख्य उद्देश्य मरीजों और उनके तीमारदारों को एक शांत और सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है। अनावश्यक भीड़ कम होने से डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों को भी काम करने में आसानी होगी। प्रशासन के अनुसार, हालिया विवादों ने सुरक्षा व्यवस्था की कमियों को उजागर किया था, जिसके बाद यह सुधारात्मक कदम उठाया गया है। अब केवल वही लोग परिसर में रुक सकेंगे जिनका अस्पताल के कार्यों से सीधा संबंध है।

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नियम उल्लंघन पर होगी सख्त कार्रवाई

अस्पताल प्रबंधन ने चेतावनी दी है कि यदि कोई भी व्यक्ति नियमों का उल्लंघन करते हुए या सुरक्षाकर्मियों के साथ उलझते हुए पाया गया, तो उस पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन के इस फैसले को स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार और पारदर्शी व्यवस्था की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन के इस निर्णय का स्वागत किया है, जिससे अस्पताल में दलालों और असामाजिक तत्वों का हस्तक्षेप कम होने की उम्मीद है। 

नमो नारायण की रिपोर्ट