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बाप दरोगा, बेटी अफसर: पुलिसकर्मी पिता की लाडली बनी IPS, बेगूसराय की बेटी ने रचा इतिहास

बेगूसराय के मटिहानी की बेटी रुचि सिंह ने यूपीएससी में 171वीं रैंक हासिल कर आईपीएस बनने का गौरव प्राप्त किया है। रुचि के पिता पुलिस इंस्पेक्टर हैं और अब अपनी ही बेटी को सैल्यूट करेंगे।

बाप दरोगा, बेटी अफसर:  पुलिसकर्मी पिता की लाडली बनी IPS, बेग

Begusarai - सफलता की कोई सीमा नहीं होती, इसे सच कर दिखाया है जिले के मटिहानी प्रखंड के महदरपुर गांव की निवासी रुचि सिंह ने। रुचि ने संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की परीक्षा में 171वीं रैंक हासिल कर न केवल अपने परिवार का, बल्कि पूरे जिले का मान बढ़ाया है। अब वह भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के अधिकारी के रूप में देश की सेवा करेंगी। 

पिता हैं इंस्पेक्टर, अब बेटी को करेंगे सैल्यूट

रुचि सिंह के पिता रामशंकर सिंह वर्तमान में बांका जिले में पुलिस इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत हैं। उनकी माता निशा सिंह चेरिया बरियारपुर प्रखंड के कोरजना गांव की निवासी हैं। स्थानीय लोग अब हर्ष के साथ कह रहे हैं कि जिस पिता की वर्दी को देखकर बेटी बड़ी हुई, अब उसी पिता को अपनी अफसर बेटी को 'सैल्यूट' करना पड़ेगा।

बचपन ननिहाल में बीता, बेगूसराय से हुई शुरुआती पढ़ाई

रुचि का बचपन अपने ननिहाल कोरजना (चेरिया बरियारपुर) में बीता है। उनकी प्रारंभिक शिक्षा बेगूसराय के BR DAV स्कूल से हुई, जहाँ उन्होंने 10वीं तक की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद उच्च शिक्षा के लिए वे दिल्ली चली गईं और वहां के प्रतिष्ठित सेंट स्टीफेंस कॉलेज से स्नातक की डिग्री हासिल की।

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पूरे इलाके में खुशी की लहर

रुचि के नाना उमा कांत सिंह (कोरजना निवासी) की नातिनी की इस बड़ी उपलब्धि की खबर मिलते ही गांव में उत्सव जैसा माहौल है। ग्रामीणों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर इस कामयाबी का जश्न मनाया। लोगों का कहना है कि रुचि की सफलता क्षेत्र की अन्य बेटियों के लिए प्रेरणा का काम करेगी।

बिहार के अन्य लालों ने भी गाड़े झंडे

हाल ही में घोषित परिणामों में बिहार के अन्य अभ्यर्थियों का भी शानदार प्रदर्शन रहा है: जिसमें  मोनिका श्रीवास्तव (औरंगाबाद): अखिल भारतीय स्तर पर 16वीं रैंक औ रविराज (नवादा): दृष्टिबाधित होने के बावजूद 20वीं रैंक हासिल कर इतिहास रचा।