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US LPG Import: अगस्त में भारत का LPG आयात 14.5% बढ़ा, अमेरिका बना सबसे बड़ा सप्लायर

US LPG Import: अगस्त में भारत का LPG आयात 14.5% बढ़ा। अमेरिका सबसे बड़ा सप्लायर रहा, जबकि UAE, कुवैत और कतर से LPG सप्लाई में तेज बढ़ोतरी हुई।

US LPG Import

US LPG Import: भारत के LPG बाजार में इस साल की शुरुआत से उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। फरवरी के बाद सप्लाई को लेकर बनी चुनौतियों के बीच भारत ने LPG की जरूरत पूरी करने के लिए अलग-अलग देशों से आयात बढ़ाया। होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव और सप्लाई प्रभावित होने के बीच अगस्त में अमेरिका भारत के लिए LPG का सबसे बड़ा स्रोत बना रहा। वहीं, खाड़ी देशों से आने वाली LPG की मात्रा में भी काफी बढ़ोतरी हुई।

Kpler और पेट्रोलियम प्लानिंग एंड एनालिसिस सेल यानी PPAC के आंकड़ों के मुताबिक, अगस्त में भारत के कुल LPG आयात में जुलाई के मुकाबले बढ़ोतरी हुई। खास बात यह रही कि खाड़ी देशों की हिस्सेदारी तेजी से बढ़ी, जबकि अमेरिका से आने वाली LPG की मात्रा कम हुई।

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अगस्त में 14.5 फीसदी बढ़ा LPG आयात

Kpler के आंकड़ों के अनुसार, अगस्त में भारत ने जुलाई की तुलना में 14.5 फीसदी ज्यादा LPG आयात किया। इसी दौरान खाड़ी देशों से आने वाली LPG की मात्रा करीब दोगुनी हो गई। इसका असर कुल आयात में उनकी हिस्सेदारी पर भी पड़ा। जुलाई में भारत के LPG आयात में खाड़ी देशों की हिस्सेदारी 16.4 फीसदी थी, जो अगस्त में बढ़कर 29.7 फीसदी हो गई। इससे साफ है कि सप्लाई के मामले में भारत ने खाड़ी क्षेत्र से आने वाली LPG पर फिर से ज्यादा भरोसा किया।

अमेरिका अभी भी सबसे बड़ा सप्लायर

खाड़ी देशों से आयात बढ़ने के बावजूद अगस्त में अमेरिका भारत को LPG भेजने वाला सबसे बड़ा देश रहा। अगस्त के दौरान अमेरिका से करीब 7,24,150 टन LPG भारत पहुंची। हालांकि, जुलाई की तुलना में यह मात्रा 25.8 फीसदी कम थी। इसके बावजूद कुल LPG आयात में अमेरिका की हिस्सेदारी 50 फीसदी से ज्यादा रही। यानी आयात में कमी आने के बाद भी अमेरिका भारत के लिए सबसे महत्वपूर्ण LPG सप्लायर बना रहा।

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UAE से LPG सप्लाई में सबसे तेज बढ़ोतरी

खाड़ी देशों में संयुक्त अरब अमीरात यानी UAE से LPG की आपूर्ति में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी दर्ज की गई। अगस्त में UAE से भारत को 1,98,860 टन LPG मिली। यह जुलाई की तुलना में 94.9 फीसदी अधिक है। कुवैत से भी आयात में बड़ा उछाल आया। जुलाई में कुवैत से 44,230 टन LPG आई थी, जो अगस्त में बढ़कर 1,14,580 टन हो गई। वहीं कतर से LPG आयात भी तेजी से बढ़ा। अगस्त में कतर से 65,400 टन LPG भारत पहुंची, जबकि जुलाई में यह आंकड़ा सिर्फ 19,320 टन था।

अगस्त में LPG की खपत छह महीने के सबसे ऊंचे स्तर पर

देश में LPG की खपत भी अगस्त में बढ़ी। आंकड़ों के मुताबिक, जुलाई की तुलना में अगस्त में LPG की मांग 3.2 फीसदी बढ़कर 24.2 लाख टन हो गई। यह पिछले छह महीनों में भारत में LPG की सबसे ज्यादा मासिक खपत रही। हालांकि, सालाना आधार पर तस्वीर अभी भी कमजोर है। अगस्त 2025 की तुलना में इस साल अगस्त में LPG की मांग करीब 16 फीसदी कम रही। यानी महीने-दर-महीने खपत बढ़ी है, लेकिन पिछले साल के मुकाबले बाजार में मांग अभी पूरी तरह सामान्य स्तर पर नहीं पहुंची है।

भारत ने LPG सप्लाई के लिए बढ़ाए विकल्प

अंतरराष्ट्रीय बाजार में तनाव और समुद्री रास्तों से सप्लाई पर असर पड़ने की स्थिति में भारत के लिए LPG आयात के अलग-अलग स्रोत बनाए रखना अहम हो गया है। अगस्त के आंकड़े बताते हैं कि अमेरिका के साथ-साथ UAE, कुवैत और कतर से भी सप्लाई बढ़ी। इससे भारत को एक ही क्षेत्र पर निर्भर रहने के जोखिम को कम करने में मदद मिल सकती है। आने वाले महीनों में अंतरराष्ट्रीय बाजार की स्थिति, समुद्री मार्गों की उपलब्धता और LPG की कीमतों के आधार पर आयात का यह पैटर्न बदल सकता है।