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Bihar News : बाणसागर बांध के 8 गेट खोले जाने से सोन नदी का जलस्तर बढ़ने की आशंका, रोहतास में एक्शन मोड में प्रशासन

Bihar News : बाणसागर बांध के 8 रेडियल गेट 2-2 मीटर की ऊंचाई तक खोले जा चुके हैं, जिनसे करीब 3277 क्यूमेक्स पानी सोन नदी में प्रवाहित किया जा रहा है।

Bihar News : बाणसागर बांध के 8 गेट खोले जाने से सोन नदी का ज
सोन का जलस्तर बढ़ने की संभावना - फोटो : RANJAN

SASARAM : मध्य प्रदेश के बाणसागर जलाशय में लगातार बढ़ रही जल आवक और करमचट डैम क्षेत्र में हो रही बारिश के कारण सोन नदी के जलस्तर में वृद्धि की आशंका बढ़ गई है। जलाशय का निर्धारित जलस्तर बनाए रखने के लिए 30 अगस्त की रात आठ बजे बाणसागर बांध के दो अतिरिक्त रेडियल गेट खोल दिए गए। पहले से खुले छह गेटों के साथ अब कुल आठ रेडियल गेट दो-दो मीटर तक खुले रहेंगे। इन गेटों के माध्यम से करीब 3277 क्यूमेक्स पानी सोन नदी में छोड़े जाने की सूचना है।

जलस्तर बढ़ने की संभावना

बाणसागर जलाशय से अतिरिक्त पानी छोड़े जाने का सीधा असर सोन नदी के डाउनस्ट्रीम क्षेत्रों पर पड़ सकता है। रोहतास जिला भी सोन नदी के किनारे स्थित है, ऐसे में तटवर्ती इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए सतर्कता बढ़ाना जरूरी हो गया है। जलस्तर में अचानक वृद्धि की संभावना को देखते हुए प्रशासन एवं संबंधित विभाग की ओर से लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई है।

विभाग कर रहा निगरानी

जल संसाधन विभाग की ओर से जारी सूचना के अनुसार बाणसागर जलाशय में पानी की आवक और जलस्तर की लगातार निगरानी की जा रही है। जलाशय में पानी की स्थिति को देखते हुए आवश्यकता पड़ने पर इससे अधिक पानी भी स्पिल ओवर के माध्यम से सोन नदी में छोड़ा जा सकता है। इसके कारण आने वाले समय में सोन नदी के जलस्तर में और वृद्धि की संभावना बनी हुई है। विभाग की सूचना के बाद सोन नदी के किनारे बसे इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष रूप से सावधान रहने की जरूरत है। लोगों को नदी के जलस्तर में होने वाले बदलाव पर नजर रखने और प्रशासन की ओर से जारी किसी भी सूचना को गंभीरता से लेने की अपील की गई है।

ग्रामीणों, किसानों और मछुआरों को नदी से दूर रहने की सलाह 

सोन नदी के तटवर्ती क्षेत्रों में रहने वाले ग्रामीणों, किसानों, मछुआरों और पशुपालकों से नदी के पानी से पर्याप्त दूरी बनाए रखने की अपील की गई है। लोगों को नदी में जाने, स्नान करने अथवा पशुओं को पानी पिलाने के लिए नदी के गहरे हिस्से में ले जाने से बचने को कहा गया है। विशेषकर जलस्तर बढ़ने की स्थिति में नदी के किनारे जाने से बचना जरूरी है। अचानक पानी बढ़ने पर नदी के आसपास के निचले हिस्सों में रहने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में किसी भी तरह की लापरवाही गंभीर स्थिति पैदा कर सकती है।

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प्रशासनिक अमला भी अलर्ट

बाणसागर से अतिरिक्त पानी छोड़े जाने के बाद प्रशासनिक एवं मैदानी अमले को भी अलर्ट रहने की जरूरत है। तटवर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक समय रहते सूचना पहुंचाने, स्थानीय स्तर पर जागरूकता फैलाने और सोन नदी के जलस्तर पर लगातार निगरानी रखने को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। फिलहाल बाणसागर जलाशय में पानी की आवक, करमचट डैम क्षेत्र में बारिश और सोन नदी के जलस्तर की स्थिति पर नजर बनी हुई है। यदि जलाशय में पानी की आवक बढ़ती रही और अतिरिक्त पानी छोड़ा गया, तो सोन नदी का जलस्तर और बढ़ सकता है। ऐसे में रोहतास के सोन तटवर्ती इलाकों के लोगों के लिए सावधानी सबसे जरूरी है। नदी के करीब जाने से बचें, बच्चों एवं पशुओं को नदी से दूर रखें और प्रशासन की ओर से जारी चेतावनी या निर्देशों का पालन करें।

रंजन की रिपोर्ट