LATEST NEWS

  • Naubatpur Traffic
  • Naubatpur Traffic: पटना के नौबतपुर में ट्रैफिक जाम पर उठे सवाल, CCTV फुटेज जांचने की मांग

  • Gaya Police News
  • Gaya Police News: गया में गांधी नगर जमीन विवाद में एसएसपी की बड़ी कार्रवाई, ADG की खबरों

  •  credit card
  • credit card: दिवाली पर HDFC, SBI, ICICI और Axis बैंक के क्रेडिट कार्ड से खरीदारी पर छूट,

  • Kylie jenner
  • Kylie jenner: 4410 हीरे और 1,000 घंटे की मेहनत, जानें काइली जेनर की फैंटेसी ब्रा की खासियत

  • IT companies hiring
  • IT companies hiring: IT सेक्टर में लौटी भर्ती की रफ्तार, 5 बड़ी कंपनियों में कर्मचारियों की संख्या बढ़ी

Bihar News : पटना हाईकोर्ट ने बिहार पुलिस पर की सख्त टिप्पणी, कहा कफ सिरप जब्ती में NDPS की धाराएं लगाना सत्ता का दुरुपयोग, आरोपी को दी जमानत

Bihar News : पटना हाईकोर्ट ने बिहार पुलिस की कार्यशैली और शक्तियों के मनमाने इस्तेमाल पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए कड़ी नाराजगी जताई है.....पढ़िए आगे

Bihar News : पटना हाईकोर्ट ने बिहार पुलिस पर की सख्त टिप्पणी
बिहार पुलिस पर टिप्पणी - फोटो : SOCIAL MEDIA

PATNA : पटना हाईकोर्ट  ने बिहार पुलिस द्वारा उत्पीड़न में सत्ता का दुरुपयोग, कफ सिरप जब्ती मामले में पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर प्रश्न उठाये। दरअसल बिहार के खगड़िया जिले से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ पुलिस की कार्यशैली पर सीधे तौर पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पटना हाईकोर्ट ने एक एनडीपीएस मामलें की सुनवाई के दौरान कड़ी टिप्पणी करते हुए इसे बिहार पुलिस द्वारा उत्पीड़न में सत्ता का दुरुपयोग करार दिया है। हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि कोडीन युक्त कफ सिरप मिलने पर उसे एनडीपीएस मामला बना देना और बिना सोचे-समझे गंभीर धाराएं लगाना पुलिस की मनमानी को दर्शाता है।  

यह पूरा मामला खगड़िया जिले के चौथम थाने से जुड़ा है, जहाँ पुलिस ने एक पिकअप वैन से 484 लीटर कफ सिरप (RJT-SCEN) बरामद किया था। पुलिस ने इस मामले में भारत कुमार नामक व्यक्ति को आरोपी बनाकर एनडीपीएस एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत जेल भेज दिया था, जबकि आरोपी का यह कहना था कि वह सिर्फ उस गाड़ी के पास खड़ा था। उसका इस जब्ती से कोई लेना-देना नहीं था। आरोपी 16 मई 2026 से न्यायिक हिरासत में था।  

इस मामलें की सुनवाई करते हुए जस्टिस अशोक कुमार पांडेय की एकल पीठ ने पाया कि केंद्र सरकार की अधिसूचना के अनुसार, यदि कफ सिरप में कोडीन की मात्रा 2.5% से कम है और वह चिकित्सीय रूप से निर्धारित है, तो वह एनडीपीएस के तहत 'कंट्राबैंड' (अवैध मादक पदार्थ) के दायरे में नहीं आता है। यह केवल ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट के उल्लंघन का मामला बनता है, जिसके तहत दुकानदारों को केवल अपना लाइसेंस और रजिस्टर देखना होता है।  

हाईकोर्ट ने अपने आदेश में गंभीर टिप्पणी करते हुए कहा कि इस तरह के मामलों में पुलिस द्वारा एनडीपीएस एक्ट के तहत जबरन मुकदमे दर्ज करना कानून की प्रक्रिया का सरासर दुरुपयोग है। हाईकोर्ट ने आरोपी भारत कुमार को जमानत दे दी है।

NSIT
Nsmch