LATEST NEWS

  • Anant Singh MLA Status
  • Bihar Politics: अनंत सिंह की विधायकी पर लटकी तलवार! JDU की अर्जी पर अब इस दिन तय होगा

  • Bihar TRE-4
  • BPSC TRE-4 ने तोड़े भर्ती के सारे रिकॉर्ड, आवेदन के आंकड़े पढ़ कर चौक जाएंगे आप

  • Bihar Food Safety
  • Bihar Food Safety : बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थ कितने शुद्ध? ऐसे करें मिलावट की पहचान, जानें

  • Bihar Mobile Users
  • Bihar Mobile Users:आपके नाम पर कितने सिम कार्ड चल रहे हैं? घर बैठे ऐसे करें चेक, फर्जी नंबर

  • Bihar E Cabinet
  • Bihar Cabinet Meeting: मंत्रियों के हाथ में होगी डिजिटल फाइल,बिहार में अब ऐसे होगी कैबिनेट की बैठक

Bihar News : ट्रैफिक पुलिस से उलझना गैस एजेंसी संचालक को पड़ा भारी, सड़क जाम करने के आरोप में दर्ज हुआ FIR

Bihar News : ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन और उसके बाद हुए हंगामे को लेकर पुलिस ने गैस एजेंसी' के संचालक सहित 25 अज्ञात लोगों पर पुलिस ने FIR दर्ज कराया है........पढ़िए आगे

Bihar News : ट्रैफिक पुलिस से उलझना गैस एजेंसी संचालक को पड़
गैस एजेंसी' के संचालक पर FIR - फोटो : DEVBRAT

KAIMUR : बिहार के कैमूर जिले के मोहनिया में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन और उसके बाद हुए हंगामे को लेकर पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है। ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर संतोष कुमार की लिखित शिकायत पर 'मां दुर्गा इंडियन गैस एजेंसी' के संचालक प्रदीप पटेल, एजेंसी के मैनेजर और करीब 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ मोहनिया थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने यह कार्रवाई सरकारी कार्य में बाधा डालने और सार्वजनिक यातायात व्यवस्था को बाधित करने के आरोप में की है।

विवाद की शुरुआत तब हुई जब ट्रैफिक पुलिस ने गैस एजेंसी की एक गाड़ी को जांच के लिए रोका। ट्रैफिक सब इंस्पेक्टर के अनुसार, गाड़ी का चालक बिना सीट बेल्ट लगाए वाहन चला रहा था, जो यातायात नियमों का सीधा उल्लंघन है। नियम के तहत पुलिस ने गाड़ी का चालान काट दिया और वाहन को जब्त कर थाने ले आई। पुलिस की इस कार्रवाई से नाराज होकर एजेंसी संचालक ने अपने सहयोगियों के साथ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।

पुलिस द्वारा दर्ज आवेदन में गंभीर आरोप लगाए गए हैं। आरोप है कि गाड़ी जब्त होने के बाद संचालक ने मैनेजर, ड्राइवर और अन्य अज्ञात लोगों को मौके पर बुला लिया और मोहनिया के व्यस्त चांदनी चौक पर करीब आधे घंटे तक सड़क जाम कर दी। इस दौरान बिना नंबर की गाड़ियों को सड़क पर खड़ा कर दिया गया, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि यह कानून-व्यवस्था को चुनौती देने का प्रयास था।

दूसरी ओर, गैस एजेंसी के संचालक प्रदीप पटेल ने पुलिसिया कार्रवाई को पक्षपातपूर्ण बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी गाड़ी पेट्रोल पंप पर ईंधन भरवाने जा रही थी, तभी पुलिस ने उसे बेवजह रोककर चालान किया और जब्त कर लिया। संचालक का दावा है कि पुलिस की इस 'मनमानी' के कारण शहर में रसोई गैस की होम डिलीवरी बाधित हो गई है। उन्होंने पुलिस पर मनगढ़ंत कहानी रचकर प्राथमिकी दर्ज करने का आरोप लगाया और इसे पुलिस की तानाशाही करार दिया।

NSIT
Nsmch

मोहनिया डीएसपी प्रदीप कुमार ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि कानून को हाथ में लेने की इजाजत किसी को नहीं दी जा सकती। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर मामले की तकनीकी जांच और सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है ताकि जाम में शामिल अन्य 25 अज्ञात लोगों और वाहनों की पहचान की जा सके। फिलहाल, इस घटना के बाद इलाके में पुलिस की सक्रियता बढ़ गई है और दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है। 

देवब्रत की रिपोर्ट