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गेहूं के आटे में मिलाकर खाएं ये 4 मिलेट्स, सेहत में होंगे बेमिसाल फायदे

आमतौर पर हम गेहूं के आटे से बनी रोटियां खाते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि गेहूं के आटे में ज्यादा कार्बोहाइड्रेट्स होते हैं, जो शुगर के मरीजों के लिए समस्या पैदा कर सकते हैं।

गेहूं के आटे

हमारे भोजन में रोटियां एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं, और सबसे आम रूप से हम गेहूं के आटे की रोटियां खाते हैं। हालांकि, गेहूं के आटे में कार्बोहाइड्रेट्स की मात्रा अधिक होती है, जो शुगर के मरीजों के लिए समस्या पैदा कर सकती है। ऐसे में अगर आप गेहूं के आटे में कुछ मिलेट्स के आटे को मिला लें तो यह आपके स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है। क्लीनिकल न्यूट्रिशनिस्ट डॉ. प्रियंका रोहतगी का कहना है कि यदि आप रोजाना गेहूं के आटे में एक चौथाई मिलेट्स का आटा मिला दें, तो यह आपके शरीर पर अद्भुत असर डाल सकता है।

1. रागी का आटा

रागी का आटा बहुत फायदेमंद होता है और इसे गेहूं के आटे में मिला दिया जाए तो यह शरीर के लिए बेहद लाभकारी हो सकता है। रागी में कैल्शियम, आयरन, पोटैशियम, और प्रोटीन की भरपूर मात्रा होती है, जो हड्डियों और त्वचा के लिए फायदेमंद है। इसमें डायट्री फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट्स की अच्छी मात्रा होती है, जो पेट को साफ करने और स्वस्थ रखने में मदद करते हैं। इसके अलावा, रागी ग्लूटेन फ्री है, जिससे शुगर का स्तर नियंत्रित रहता है।

2. बेसन

बेसन (चना आटा) में प्रोटीन की भरपूर मात्रा होती है, जो शरीर के लिए बेहद फायदेमंद है। जब बेसन को गेहूं के आटे में मिलाया जाता है, तो यह आटा ग्लूटेन फ्री हो जाता है और शुगर के स्तर को भी नियंत्रित करता है। साथ ही, इसमें प्रोटीन की मात्रा बढ़ जाती है, जो शरीर को ताकत देती है और रोग प्रतिकारक क्षमता को मजबूत बनाती है।

3. जौ का आटा

जौ के आटे में फाइबर की प्रचुर मात्रा होती है, जो मेटाबोलिज्म को बेहतर बनाता है और पेट को साफ रखता है। जौ का आटा इंसुलिन सेंसिटिविटी को बढ़ाता है, जिससे शरीर में शुगर का स्तर नियंत्रित रहता है। इसके अलावा, जौ में मौजूद माइक्रोन्यूट्रेंट्स शरीर को आवश्यक पोषण प्रदान करते हैं और इन्फ्लामेशन को कम करते हैं, जिससे बीमारियों का खतरा घटता है।

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4. अमरंथ का आटा

अमरंथ (कुटकी) का आटा प्रोटीन और फाइबर का बेहतरीन स्रोत है। इसके अलावा, अमरंथ के आटे में एंटी-डायबेटिक और एंटी-इंफ्लामेटरी गुण होते हैं, जो शुगर के स्तर को नियंत्रित करने और गठिया के दर्द को कम करने में मदद करते हैं। इसे गेहूं के आटे में मिला कर खाने से शरीर को आवश्यक पोषण मिलता है और पेट की सेहत भी सुधरती है।

आप इन मिलेट्स के आटे को गेहूं के आटे में मिला कर रोटियां बनाकर अपनी सेहत को बेहतर बना सकते हैं। रागी, बेसन, जौ, और अमरंथ जैसे आटे न केवल ग्लूटेन फ्री होते हैं, बल्कि ये शरीर के लिए जरूरी पोषण भी प्रदान करते हैं। इनका सेवन करने से शुगर लेवल को नियंत्रित किया जा सकता है और शरीर को भरपूर ऊर्जा मिलती है।