LATEST NEWS

  • President Colour Award
  • Bihar Police:बिहार पुलिस को मिलेगा देश का सर्वोच्च पुलिस सम्मान, राष्ट्रपति कलर अवार्ड से होंगे सम्मानित

  • Anant Singh MLA Status
  • Bihar Politics: अनंत सिंह की विधायकी पर लटकी तलवार! JDU की अर्जी पर अब इस दिन तय होगा

  • Bihar TRE-4
  • BPSC TRE-4 ने तोड़े भर्ती के सारे रिकॉर्ड, आवेदन के आंकड़े पढ़ कर चौक जाएंगे आप

  • Bihar Food Safety
  • Bihar Food Safety : बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थ कितने शुद्ध? ऐसे करें मिलावट की पहचान, जानें

  • Bihar Mobile Users
  • Bihar Mobile Users:आपके नाम पर कितने सिम कार्ड चल रहे हैं? घर बैठे ऐसे करें चेक, फर्जी नंबर

Bihar Road accident: कोयला लाने निकले दो दोस्त को रौंद गया मौत का पहिया, एक की मौत, दूसरा अस्पताल में भर्ती

Bihar Road accident: कोयला लाने निकले दो दोस्त को रौंद गया म

Bettiah : पश्चिम चंपारण के गोवर्धना थाना क्षेत्र अंतर्गत बखरी चौक के पास शुक्रवार देर शाम एक दर्दनाक हादसा हो गया। घर से कोयला लाने निकले दो ग्रामीण सड़क हादसे का शिकार हो गए। एक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर हालत में अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहा है। बखरी बाजार से कोयला खरीद कर घर लौट रहे थे, तभी एक अज्ञात वाहन ने बखरी चौक के समीप उन्हें रौंद दिया।घटना के तुरंत बाद मौके पर पहुंचे स्थानीय ग्रामीणों ने दोनों घायलों को रामनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुँचाया, जहां डॉ. आर्य ने प्राथमिक उपचार के बाद दोनों की गंभीर हालत को देखते हुए जीएमसीएच बेतिया रेफर कर दिया।

मगर दुर्भाग्यवश, रामायण बैठा की रास्ते में ही मौत हो गई।वहीं गणेश बैठा का इलाज फिलहाल जीएमसीएच बेतिया में जारी है। रामायण बैठा की मौत की खबर सुनते ही परिवार में कोहराम मच गया। गांव में शोक की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों का कहना है कि दोनों व्यक्ति मेहनतकश थे और रोजमर्रा की जरूरतों के लिए बखरी बाजार गए थे। किसी ने नहीं सोचा था कि यह सफर उनके जीवन की अंतिम यात्रा बन जाएगा।

अब तक हादसे के लिए जिम्मेदार वाहन की पहचान नहीं हो सकी है, न ही पुलिस की ओर से कोई ठोस कार्रवाई की सूचना मिली है। ग्रामीणों ने प्रशासन से सीसीटीवी जांच और वाहन की पहचान कर दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

इस हादसे ने एक बार फिर क्षेत्र में रात्रिकालीन सड़क सुरक्षा और प्रशासनिक निगरानी की पोल खोल दी है। मौत का पहिया कब किसे रौंद दे, कोई नहीं जानता... लेकिन सवाल यह है कि ऐसी मौतों का जिम्मेदार कौन है?

NSIT
Nsmch

रिपोर्ट- आशीष कुमार