LATEST NEWS

  • President Colour Award
  • Bihar Police:बिहार पुलिस को मिलेगा देश का सर्वोच्च पुलिस सम्मान, राष्ट्रपति कलर अवार्ड से होंगे सम्मानित

  • Anant Singh MLA Status
  • Bihar Politics: अनंत सिंह की विधायकी पर लटकी तलवार! JDU की अर्जी पर अब इस दिन तय होगा

  • Bihar TRE-4
  • BPSC TRE-4 ने तोड़े भर्ती के सारे रिकॉर्ड, आवेदन के आंकड़े पढ़ कर चौक जाएंगे आप

  • Bihar Food Safety
  • Bihar Food Safety : बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थ कितने शुद्ध? ऐसे करें मिलावट की पहचान, जानें

  • Bihar Mobile Users
  • Bihar Mobile Users:आपके नाम पर कितने सिम कार्ड चल रहे हैं? घर बैठे ऐसे करें चेक, फर्जी नंबर

Bihar News: इयरफोन बना मौत का साजिशी साउंड! इंटरसिटी की रफ्तार ने ली छात्र की जान, ट्रैक पर बिखरी जिंदगी

Bihar News: आरा-सासाराम रेलखंड पर एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को ग़म और सन्नाटे में डुबो दिया।....

इंटरसिटी की रफ्तार ने ली छात्र की जान
इयरफोन बना मौत का साजिशी साउंड!- फोटो : reporter

Bihar News: आरा-सासाराम रेलखंड पर एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को गम और सन्नाटे में डुबो दिया। महादेव हाल्ट के पास रफ्तार की पटरी पर एक 18 वर्षीय छात्र की जिंदगी मौत के शिकंजे में फंस गई। भभुआ इंटरसिटी एक्सप्रेस की चपेट में आने से मौके पर ही उसकी मौत हो गई।

मृतक की पहचान कुंदन कुमार के रूप में हुई है,जो हसन बाजार थाना क्षेत्र के कचनथ गांव का रहने वाला था। वह इंटर का छात्र था और अपने परिवार की उम्मीदों का चिराग माना जाता था। लेकिन एक लापरवाही ने उसकी जिंदगी को हमेशा के लिए खामोश कर दिया।स्थानीय लोगों के मुताबिक, कुंदन सुबह के समय महादेव हाल्ट के पास रेलवे ट्रैक के उस पार जरूरी काम के लिए गया था। वापसी के दौरान उसने अपने कानों में इयरफोन लगा रखा था। यही इयरफोन उसकी जिंदगी का खामोश कातिल बन गया।

जैसे ही वह ट्रैक पार करने लगा, तेज रफ्तार से आ रही इंटरसिटी एक्सप्रेस की गर्जना वह सुन नहीं पाया। अगले ही पल ट्रेन ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि उसकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।घटना के बाद वहां मौजूद लोगों में खौफ और अफरा-तफरी फैल गई। राहगीरों ने तुरंत पुलिस और परिजनों को सूचना दी। सूचना मिलते ही हसन बाजार थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

परिवार में मातम का माहौल है। कुंदन अपने तीन भाइयों और एक बहन में सबसे छोटा था। उसकी मां सीमा देवी का ‘कलेजा चीर देने वाला’ रोना हर किसी की आंखें नम कर रहा है। घर में ‘कोहराम’ मचा हुआ है और हर कोई यही कह रहा है एक छोटी सी लापरवाही ने एक ‘जवान जिंदगी’ छीन ली।यह हादसा सिर्फ एक दुर्घटना नहीं, बल्कि एक खामोश चेतावनी है कि ट्रैक पर जरा सी भी लापरवाही, सीधे मौत के दरवाजे तक ले जा सकती है।

NSIT
Nsmch

रिपोर्ट- आशीष कुमार